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इतिहास के पन्नों से: अपनी परीक्षा की तैयारी को परखें

इतिहास के पन्नों से: अपनी परीक्षा की तैयारी को परखें

इतिहास के हर मोड़ पर छिपे हैं अनगिनत रहस्य और महत्वपूर्ण घटनाएँ जो हमारी वर्तमान समझ को आकार देती हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए, इतिहास केवल तथ्यों का संग्रह नहीं, बल्कि घटनाओं की एक जटिल श्रृंखला को समझने की कुंजी है। यह दैनिक क्विज़ आपको प्राचीन सभ्यताओं से लेकर आधुनिक युग तक, भारत और विश्व के इतिहास के गहन जल में गोता लगाने का अवसर देगा। अपनी तैयारी का परीक्षण करें और जानें कि आप अतीत की यात्रा में कितने निपुण हैं!


  1. सिंधु घाटी सभ्यता का निम्नलिखित में से कौन सा स्थल वर्तमान गुजरात राज्य में स्थित नहीं है?

    (A) लोथल

    (B) रंगपुर

    (C) आलमगीरपुर

    (D) धौलावीरा

    सही उत्तर: (C) आलमगीरपुर

    विस्तृत व्याख्या:

    आलमगीरपुर सिंधु घाटी सभ्यता का सबसे पूर्वी स्थल है, जो उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में हिंडन नदी के किनारे स्थित है। यह स्थल आधुनिक भारतीय इतिहास के संदर्भ में महत्वपूर्ण है क्योंकि यह सिंधु सभ्यता के भौगोलिक विस्तार को दर्शाता है। लोथल (प्रमुख बंदरगाह), रंगपुर (बाद की हड़प्पा संस्कृति) और धौलावीरा (तीन भागों में विभाजित, अद्वितीय जल प्रबंधन प्रणाली) सभी गुजरात में स्थित हैं और सिंधु घाटी सभ्यता के महत्वपूर्ण स्थल हैं। धौलावीरा को हाल ही में यूनेस्को विश्व विरासत स्थल का दर्जा मिला है।

  2. निम्नलिखित में से कौन सा वेद जादू-टोना और वशीकरण से संबंधित है?

    (A) ऋग्वेद

    (B) सामवेद

    (C) यजुर्वेद

    (D) अथर्ववेद

    सही उत्तर: (D) अथर्ववेद

    विस्तृत व्याख्या:

    अथर्ववेद चार वेदों में से अंतिम है, और यह जादुई सूत्रों, बीमारियों के उपचार, जादू-टोना और वशीकरण से संबंधित है। इसमें दैनिक जीवन के कई पहलुओं, जैसे विवाह, अंतिम संस्कार और घरेलू अनुष्ठानों का भी वर्णन है। ऋग्वेद सबसे पुराना वेद है जिसमें भजनों और प्रार्थनाओं का संग्रह है। सामवेद संगीत और गायन से संबंधित है, जबकि यजुर्वेद यज्ञ अनुष्ठानों और कर्मकांडों से जुड़ा है।

  3. मौर्य प्रशासन में “समाहर्ता” का कार्य क्या था?

    (A) राजस्व संग्रह

    (B) न्याय प्रशासन

    (C) सेना का नेतृत्व

    (D) प्रांतीय गवर्नर

    सही उत्तर: (A) राजस्व संग्रह

    विस्तृत व्याख्या:

    मौर्य प्रशासन में “समाहर्ता” राजस्व संग्रह का प्रमुख अधिकारी होता था। वह राज्य के आय और व्यय का हिसाब रखता था और विभिन्न करों को इकट्ठा करने के लिए जिम्मेदार था। यह पद आधुनिक समय के वित्त मंत्री या राजस्व अधिकारी के समान था। मौर्य साम्राज्य में एक सुव्यवस्थित और केंद्रीकृत प्रशासनिक प्रणाली थी, जिसमें विभिन्न अधिकारियों को विशिष्ट कार्य सौंपे गए थे। न्याय प्रशासन के लिए “दण्डनायक” और “राजुक” जैसे अधिकारी थे, जबकि सेना का नेतृत्व “सेनापति” करता था।

  4. हर्षवर्धन के शासनकाल में किस चीनी यात्री ने भारत का दौरा किया था?

    (A) फाह्यान

    (B) इत्सिंग

    (C) ह्वेन त्सांग

    (D) सुंग यून

    सही उत्तर: (C) ह्वेन त्सांग

    विस्तृत व्याख्या:

    ह्वेन त्सांग (या ज़ुआनज़ैंग) एक प्रसिद्ध चीनी बौद्ध भिक्षु थे जिन्होंने 7वीं शताब्दी ईस्वी में राजा हर्षवर्धन के शासनकाल के दौरान भारत का दौरा किया था। उन्होंने लगभग 15 वर्षों तक भारत में रहकर बौद्ध धर्म का अध्ययन किया और विभिन्न स्थानों की यात्रा की। उनकी यात्रा वृत्तांत ‘सी-यू-की’ उस समय के भारत के सामाजिक, आर्थिक और धार्मिक जीवन पर एक महत्वपूर्ण स्रोत है। फाह्यान गुप्त सम्राट चंद्रगुप्त द्वितीय के शासनकाल में आए थे, जबकि इत्सिंग 7वीं शताब्दी के अंत में भारत आए थे।

  5. महात्मा बुद्ध ने अपना पहला उपदेश कहाँ दिया था?

    (A) बोधगया

    (B) लुम्बिनी

    (C) सारनाथ

    (D) कुशीनगर

    सही उत्तर: (C) सारनाथ

    विस्तृत व्याख्या:

    ज्ञान प्राप्ति के बाद, महात्मा बुद्ध ने अपना पहला उपदेश सारनाथ, वाराणसी (उत्तर प्रदेश) के पास “धर्मचक्रप्रवर्तन” (धर्म के चक्र को गति देना) के रूप में दिया था। बोधगया वह स्थान है जहाँ उन्हें ज्ञान प्राप्त हुआ था। लुम्बिनी (नेपाल में) उनका जन्म स्थान है, और कुशीनगर वह स्थान है जहाँ उन्होंने महापरिनिर्वाण प्राप्त किया था (शरीर त्याग दिया था)।

  6. किस गुप्त शासक को “भारत का नेपोलियन” कहा जाता है?

    (A) चंद्रगुप्त प्रथम

    (B) समुद्रगुप्त

    (C) चंद्रगुप्त द्वितीय

    (D) स्कंदगुप्त

    सही उत्तर: (B) समुद्रगुप्त

    विस्तृत व्याख्या:

    इतिहासकार वी.ए. स्मिथ ने समुद्रगुप्त को उनकी असाधारण सैन्य सफलताओं और उत्तर व दक्षिण भारत में उनके व्यापक विजय अभियानों के कारण “भारत का नेपोलियन” कहा था। उनके शासनकाल के बारे में जानकारी उनके दरबारी कवि हरिषेण द्वारा रचित प्रयाग प्रशस्ति से मिलती है। चंद्रगुप्त प्रथम गुप्त साम्राज्य के वास्तविक संस्थापक थे, चंद्रगुप्त द्वितीय (विक्रमादित्य) कला और संस्कृति के संरक्षण के लिए जाने जाते हैं, और स्कंदगुप्त ने हूणों को पराजित किया था।

  7. अजंता की गुफाओं में चित्रकलाएँ किस धर्म से संबंधित हैं?

    (A) हिंदू धर्म

    (B) बौद्ध धर्म

    (C) जैन धर्म

    (D) ये तीनों

    सही उत्तर: (B) बौद्ध धर्म

    विस्तृत व्याख्या:

    महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले में स्थित अजंता की गुफाओं में मुख्य रूप से बौद्ध धर्म से संबंधित चित्रकलाएँ और मूर्तियाँ हैं। ये चित्रकलाएँ भगवान बुद्ध के जीवन और जातक कथाओं (बुद्ध के पिछले जन्मों की कहानियाँ) को दर्शाती हैं। ये गुफाएँ 200 ईसा पूर्व से 650 ईस्वी तक दो चरणों में विकसित हुईं और यूनेस्को विश्व विरासत स्थल हैं। एलोरा की गुफाओं में हिंदू, बौद्ध और जैन तीनों धर्मों से संबंधित कला है, लेकिन अजंता विशेष रूप से बौद्ध धर्म के लिए प्रसिद्ध है।

  8. किस मुगल सम्राट ने “दीन-ए-इलाही” नामक एक नए धर्म की शुरुआत की थी?

    (A) बाबर

    (B) हुमायूँ

    (C) अकबर

    (D) औरंगजेब

    सही उत्तर: (C) अकबर

    विस्तृत व्याख्या:

    मुगल सम्राट अकबर ने 1582 ई. में “दीन-ए-इलाही” की शुरुआत की थी। यह एक समकालिक धर्म था जिसका उद्देश्य विभिन्न धर्मों के सर्वोत्तम तत्वों को एक साथ लाना था। अकबर का मानना था कि सभी धर्मों में सत्य का एक सार्वभौमिक मूल होता है। इस धर्म में केवल कुछ ही लोगों ने सदस्यता ली, जिनमें बीरबल प्रमुख थे। इसका उद्देश्य साम्राज्य में धार्मिक सहिष्णुता और एकता को बढ़ावा देना था। बाबर और हुमायूँ प्रारंभिक मुगल सम्राट थे, जबकि औरंगजेब एक कट्टर सुन्नी मुसलमान था और उसने धार्मिक सहिष्णुता के विपरीत नीतियां अपनाई थीं।

  9. तराइन का द्वितीय युद्ध किस वर्ष लड़ा गया था?

    (A) 1191 ईस्वी

    (B) 1192 ईस्वी

    (C) 1194 ईस्वी

    (D) 1206 ईस्वी

    सही उत्तर: (B) 1192 ईस्वी

    विस्तृत व्याख्या:

    तराइन का द्वितीय युद्ध 1192 ईस्वी में पृथ्वीराज चौहान और मुहम्मद गौरी के बीच लड़ा गया था। इस युद्ध में मुहम्मद गौरी ने पृथ्वीराज चौहान को निर्णायक रूप से हराया, जिससे भारत में मुस्लिम शासन की नींव पड़ी। तराइन का प्रथम युद्ध 1191 ईस्वी में हुआ था, जिसमें पृथ्वीराज चौहान ने मुहम्मद गौरी को पराजित किया था। 1194 ईस्वी में चंदावर का युद्ध हुआ था और 1206 ईस्वी में कुतुबुद्दीन ऐबक ने दिल्ली सल्तनत की स्थापना की थी।

  10. “अष्टदिग्गज” किसके दरबार में सुशोभित करते थे?

    (A) शिवाजी

    (B) कृष्णदेवराय

    (C) चंद्रगुप्त मौर्य

    (D) हर्षवर्धन

    सही उत्तर: (B) कृष्णदेवराय

    विस्तृत व्याख्या:

    “अष्टदिग्गज” विजयनगर साम्राज्य के महान शासक कृष्णदेवराय (1509-1529 ईस्वी) के दरबार में आठ तेलुगु कवियों का एक समूह था। उनके शासनकाल को तेलुगु साहित्य का स्वर्ण युग माना जाता है। कृष्णदेवराय स्वयं एक विद्वान और कवि थे। शिवाजी के दरबार में “अष्टप्रधान” नामक आठ मंत्रियों की परिषद थी। चंद्रगुप्त मौर्य का संबंध मौर्य साम्राज्य से था और हर्षवर्धन का पुष्यभूति वंश से।

  11. किस सिख गुरु ने खालसा पंथ की स्थापना की थी?

    (A) गुरु नानक देव

    (B) गुरु अर्जुन देव

    (C) गुरु गोविंद सिंह

    (D) गुरु तेग बहादुर

    सही उत्तर: (C) गुरु गोविंद सिंह

    विस्तृत व्याख्या:

    गुरु गोविंद सिंह, सिखों के दसवें और अंतिम गुरु थे, जिन्होंने 1699 में आनंदपुर साहिब में खालसा पंथ की स्थापना की थी। खालसा एक समर्पित सिख समुदाय है जिसे सैन्य और आध्यात्मिक दोनों तरह से मजबूत बनाया गया था, ताकि अन्याय और उत्पीड़न से लड़ा जा सके। गुरु नानक देव सिख धर्म के संस्थापक थे, गुरु अर्जुन देव ने आदि ग्रंथ का संकलन किया था, और गुरु तेग बहादुर को औरंगजेब के आदेश पर शहीद कर दिया गया था।

  12. निम्नलिखित में से कौन सा युग्म सही सुमेलित नहीं है?

    (A) रजिया सुल्तान – गुलाम वंश

    (B) शेरशाह सूरी – सूरी वंश

    (C) मुहम्मद बिन तुगलक – खिलजी वंश

    (D) बाबर – मुगल वंश

    सही उत्तर: (C) मुहम्मद बिन तुगलक – खिलजी वंश

    विस्तृत व्याख्या:

    मुहम्मद बिन तुगलक दिल्ली सल्तनत के तुगलक वंश (1325-1351 ईस्वी) का एक शासक था, न कि खिलजी वंश का। खिलजी वंश अलाउद्दीन खिलजी के लिए प्रसिद्ध था। रजिया सुल्तान दिल्ली सल्तनत की पहली और एकमात्र महिला शासिका थीं, जो गुलाम वंश से संबंधित थीं। शेरशाह सूरी ने हुमायूँ को हराकर सूरी वंश की स्थापना की थी। बाबर ने पानीपत के प्रथम युद्ध में इब्राहिम लोदी को हराकर मुगल वंश की स्थापना की थी।

  13. दिल्ली सल्तनत का पहला सुल्तान कौन था?

    (A) इल्तुतमिश

    (B) कुतुबुद्दीन ऐबक

    (C) रजिया सुल्तान

    (D) बलबन

    सही उत्तर: (B) कुतुबुद्दीन ऐबक

    विस्तृत व्याख्या:

    कुतुबुद्दीन ऐबक ने 1206 ईस्वी में मुहम्मद गौरी की मृत्यु के बाद दिल्ली सल्तनत की स्थापना की और गुलाम वंश का पहला शासक बना। उसने खुद को सुल्तान घोषित किया और दिल्ली को अपनी राजधानी बनाया (हालांकि उसने लाहौर से भी शासन किया)। इल्तुतमिश ऐबक का दामाद और उत्तराधिकारी था, जिसे दिल्ली सल्तनत का वास्तविक संस्थापक माना जाता है क्योंकि उसने राजधानी को दिल्ली स्थानांतरित किया और चांदी का टंका व तांबे का जीतल जैसे सिक्के जारी किए। रजिया सुल्तान ऐबक की पोती थी, और बलबन गुलाम वंश का एक और शक्तिशाली शासक था।

  14. 1905 के बंगाल विभाजन के समय भारत का वायसराय कौन था?

    (A) लॉर्ड डलहौजी

    (B) लॉर्ड कर्जन

    (C) लॉर्ड मिंटो II

    (D) लॉर्ड रिपन

    सही उत्तर: (B) लॉर्ड कर्जन

    विस्तृत व्याख्या:

    1905 में बंगाल का विभाजन लॉर्ड कर्जन के कार्यकाल के दौरान हुआ था, जिसका उद्देश्य बंगाल की प्रशासनिक सुविधा को तर्कसंगत बनाना बताया गया था, लेकिन इसका वास्तविक उद्देश्य हिंदू और मुसलमानों को विभाजित करके राष्ट्रवादी आंदोलन को कमजोर करना था। इस घटना ने पूरे भारत में तीव्र विरोध प्रदर्शनों को जन्म दिया और स्वदेशी आंदोलन को बढ़ावा दिया। लॉर्ड डलहौजी ने व्यपगत का सिद्धांत (Doctrine of Lapse) लागू किया था, लॉर्ड मिंटो II मॉर्ले-मिंटो सुधारों (1909) से संबंधित थे, और लॉर्ड रिपन स्थानीय स्वशासन (Local Self-Government) के जनक माने जाते हैं।

  15. 1857 के विद्रोह के दौरान कानपुर का नेतृत्व किसने किया था?

    (A) रानी लक्ष्मीबाई

    (B) बेगम हज़रत महल

    (C) तात्या टोपे

    (D) कुंवर सिंह

    सही उत्तर: (C) तात्या टोपे

    विस्तृत व्याख्या:

    1857 के विद्रोह के दौरान कानपुर में विद्रोह का नेतृत्व नाना साहेब ने किया था, लेकिन उनके सेनापति तात्या टोपे ने वास्तविक सैन्य कमान संभाली थी। तात्या टोपे का वास्तविक नाम रामचंद्र पांडुरंग था। रानी लक्ष्मीबाई ने झांसी में, बेगम हज़रत महल ने लखनऊ में और कुंवर सिंह ने जगदीशपुर (बिहार) में विद्रोह का नेतृत्व किया था।

  16. भारत में “सिविल सेवा का जनक” किसे माना जाता है?

    (A) लॉर्ड कॉर्नवॉलिस

    (B) लॉर्ड विलियम बेंटिंक

    (C) लॉर्ड डलहौजी

    (D) लॉर्ड हेस्टिंग्स

    सही उत्तर: (A) लॉर्ड कॉर्नवॉलिस

    विस्तृत व्याख्या:

    लॉर्ड कॉर्नवॉलिस को भारत में सिविल सेवा का जनक माना जाता है। उन्होंने 1793 में “कॉर्नवॉलिस कोड” पेश किया जिसने प्रशासन को पुनर्गठित किया, जिसमें सिविल सेवाओं का भारतीयकरण और यूरोपीयकरण शामिल था। उन्होंने कंपनी के कर्मचारियों के निजी व्यापार पर प्रतिबंध लगाया और वेतन बढ़ाया ताकि भ्रष्टाचार कम हो सके। लॉर्ड विलियम बेंटिंक ने सती प्रथा का उन्मूलन किया, लॉर्ड डलहौजी ने व्यपगत का सिद्धांत (Doctrine of Lapse) लागू किया, और लॉर्ड हेस्टिंग्स ने पिंडारियों का दमन किया।

  17. महात्मा गांधी ने अपना पहला सत्याग्रह आंदोलन कहाँ शुरू किया था?

    (A) दांडी

    (B) चंपारण

    (C) खेड़ा

    (D) अहमदाबाद

    सही उत्तर: (B) चंपारण

    विस्तृत व्याख्या:

    महात्मा गांधी ने भारत में अपना पहला सत्याग्रह आंदोलन 1917 में बिहार के चंपारण में नील किसानों के समर्थन में शुरू किया था। यहाँ “तिनकठिया प्रणाली” प्रचलित थी, जिसके तहत किसानों को अपनी जमीन के एक निश्चित हिस्से पर नील उगाना अनिवार्य था। यह आंदोलन सफल रहा और गांधीजी को भारत में एक प्रमुख नेता के रूप में स्थापित किया। दांडी सत्याग्रह 1930 में नमक कानून तोड़ने के लिए था, खेड़ा सत्याग्रह 1918 में गुजरात में किसानों के लिए था, और अहमदाबाद मिल हड़ताल भी 1918 में मजदूरों के लिए थी।

  18. “करो या मरो” का नारा किस आंदोलन से जुड़ा है?

    (A) असहयोग आंदोलन

    (B) सविनय अवज्ञा आंदोलन

    (C) भारत छोड़ो आंदोलन

    (D) खिलाफत आंदोलन

    सही उत्तर: (C) भारत छोड़ो आंदोलन

    विस्तृत व्याख्या:

    “करो या मरो” का प्रसिद्ध नारा महात्मा गांधी ने 8 अगस्त 1942 को मुंबई में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सत्र में भारत छोड़ो आंदोलन की शुरुआत के दौरान दिया था। इस नारे के माध्यम से उन्होंने भारतीयों से ब्रिटिश शासन को तुरंत समाप्त करने के लिए निर्णायक कार्रवाई करने का आह्वान किया। असहयोग आंदोलन (1920-22) अहिंसक असहयोग पर केंद्रित था, सविनय अवज्ञा आंदोलन (1930) नमक सत्याग्रह के साथ शुरू हुआ, और खिलाफत आंदोलन (1919-24) तुर्की के खलीफा के समर्थन में था।

  19. आजाद हिंद फौज की स्थापना किसने की थी?

    (A) सुभाष चंद्र बोस

    (B) रास बिहारी बोस

    (C) मोहन सिंह

    (D) भगत सिंह

    सही उत्तर: (C) मोहन सिंह

    विस्तृत व्याख्या:

    आजाद हिंद फौज (इंडियन नेशनल आर्मी – INA) की मूल अवधारणा और प्रारंभिक स्थापना का श्रेय कैप्टन मोहन सिंह को जाता है, जिन्होंने द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान जापानी कब्जे वाले मलाया में भारतीय युद्धबंदियों को संगठित किया था। बाद में, रास बिहारी बोस ने इसे पुनर्जीवित किया और फिर 1943 में इसकी कमान सुभाष चंद्र बोस को सौंप दी गई, जिन्होंने इसे अपने चरम पर पहुंचाया। भगत सिंह एक क्रांतिकारी थे और उनका आईएनए से सीधा संबंध नहीं था।

  20. कैबिनेट मिशन भारत कब आया था?

    (A) 1942

    (B) 1945

    (C) 1946

    (D) 1947

    सही उत्तर: (C) 1946

    विस्तृत व्याख्या:

    कैबिनेट मिशन मार्च 1946 में भारत आया था। इसका उद्देश्य भारत के लिए एक संवैधानिक ढांचा तैयार करना और भारतीय नेताओं को सत्ता के हस्तांतरण के लिए एक योजना बनाना था। इस मिशन में तीन ब्रिटिश कैबिनेट सदस्य शामिल थे: लॉर्ड पैथिक लॉरेंस (भारत सचिव), सर स्टैफोर्ड क्रिप्स (व्यापार बोर्ड के अध्यक्ष), और ए.वी. अलेक्जेंडर (नौसेना के पहले लॉर्ड)। भारत छोड़ो आंदोलन 1942 में हुआ, जबकि भारत को 1947 में स्वतंत्रता मिली।

  21. 1919 के जलियांवाला बाग हत्याकांड के विरोध में किस भारतीय ने अपनी ‘नाइटहुड’ की उपाधि लौटा दी थी?

    (A) महात्मा गांधी

    (B) गोपाल कृष्ण गोखले

    (C) रविंद्रनाथ टैगोर

    (D) सरदार वल्लभभाई पटेल

    सही उत्तर: (C) रविंद्रनाथ टैगोर

    विस्तृत व्याख्या:

    रविंद्रनाथ टैगोर ने 13 अप्रैल 1919 को हुए जलियांवाला बाग हत्याकांड के नरसंहार के विरोध में 30 मई 1919 को ब्रिटिश सरकार द्वारा दी गई अपनी ‘नाइटहुड’ की उपाधि त्याग दी थी। उन्होंने इस घटना को “मानवता के खिलाफ एक अतुलनीय अपराध” बताया था। महात्मा गांधी ने केसर-ए-हिंद की उपाधि लौटाई थी, लेकिन वह जलियांवाला बाग के बाद नहीं, बल्कि असहयोग आंदोलन के दौरान की थी। गोपाल कृष्ण गोखले की मृत्यु 1915 में हो गई थी, और सरदार पटेल को ऐसी कोई उपाधि नहीं मिली थी।

  22. पूना पैक्ट पर महात्मा गांधी और किसके बीच हस्ताक्षर किए गए थे?

    (A) सरदार वल्लभभाई पटेल

    (B) डॉ. बी.आर. अंबेडकर

    (C) जवाहरलाल नेहरू

    (D) मोहम्मद अली जिन्ना

    सही उत्तर: (B) डॉ. बी.आर. अंबेडकर

    विस्तृत व्याख्या:

    पूना पैक्ट (पूना समझौता) 1932 में महात्मा गांधी और डॉ. बी.आर. अंबेडकर के बीच यरवदा सेंट्रल जेल, पुणे में हस्ताक्षरित किया गया था। यह समझौता ब्रिटिश प्रधान मंत्री रैमसे मैकडोनाल्ड के सांप्रदायिक पंचाट (Communal Award) के खिलाफ गांधीजी के आमरण अनशन के जवाब में हुआ था, जिसमें दलितों (तब “डिप्रेस्ड क्लासेस” के रूप में जाने जाते थे) के लिए अलग निर्वाचक मंडल का प्रावधान था। समझौते ने अलग निर्वाचक मंडल को समाप्त कर दिया लेकिन दलितों के लिए प्रांतीय विधानसभाओं और केंद्रीय विधानमंडल में आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ा दी।

  23. (न्यूज़ डेटा से) एज़्टेक सभ्यता (Aztec Civilization) का केंद्र बिंदु कहाँ था?

    (A) माचू पिच्चू

    (B) टेनोच्टिटलान

    (C) कारल

    (D) पालेंके

    सही उत्तर: (B) टेनोच्टिटलान

    विस्तृत व्याख्या:

    एज़्टेक सभ्यता का केंद्र वर्तमान मेक्सिको सिटी के स्थल पर स्थित टेनोच्टिटलान (Tenochtitlan) का शानदार शहर था। यह 14वीं से 16वीं शताब्दी तक एक शक्तिशाली और उन्नत समाज था, जो अपनी जटिल सामाजिक संरचना, कृषि नवाचारों (जैसे चिनम्पा), और मानव बलि के अनुष्ठानों के लिए जाना जाता था। हाल के शोध एज़्टेक साम्राज्य के नए पहलुओं को उजागर कर रहे हैं, जैसा कि समाचार में बताया गया है। माचू पिच्चू इंका सभ्यता का शहर है, कारल प्राचीन पेरू की सभ्यता है, और पालेंके माया सभ्यता का स्थल है।

  24. (न्यूज़ डेटा से) कैरोलिंगियन साम्राज्य (Carolingian Empire) का सबसे प्रसिद्ध शासक कौन था, जिसके तहत साम्राज्य अपने चरम पर पहुंचा?

    (A) शार्लेमेन (Charlemagne)

    (B) चार्ल्स मार्टेल (Charles Martel)

    (C) पेपिन द शॉर्ट (Pepin the Short)

    (D) लुई द पियस (Louis the Pious)

    सही उत्तर: (A) शार्लेमेन (Charlemagne)

    विस्तृत व्याख्या:

    शार्लेमेन (768-814 ईस्वी) कैरोलिंगियन साम्राज्य के सबसे प्रसिद्ध और शक्तिशाली शासक थे। उनके शासनकाल के दौरान, साम्राज्य ने पश्चिमी यूरोप के अधिकांश हिस्सों पर नियंत्रण कर लिया था और सांस्कृतिक पुनर्जागरण का अनुभव किया था जिसे “कैरोलिंगियन पुनर्जागरण” के नाम से जाना जाता था। 800 ईस्वी में, पोप लियो III ने उन्हें रोम में सम्राट का ताज पहनाया। समाचार में कैरोलिंगियन पतन के कारकों का विश्लेषण किया गया है, जो इस साम्राज्य के महत्व को दर्शाता है। चार्ल्स मार्टेल (शार्लेमेन के दादा) ने टूर की लड़ाई जीती, पेपिन द शॉर्ट (शार्लेमेन के पिता) ने कैरोलिंगियन राजवंश की स्थापना की, और लुई द पियस शार्लेमेन के पुत्र थे जिनके शासनकाल में साम्राज्य कमजोर होना शुरू हो गया था।

  25. द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान “धुरी शक्तियां” (Axis Powers) में कौन से देश शामिल थे?

    (A) जर्मनी, इटली, जापान

    (B) जर्मनी, फ्रांस, जापान

    (C) इटली, रूस, जर्मनी

    (D) जापान, ब्रिटेन, जर्मनी

    सही उत्तर: (A) जर्मनी, इटली, जापान

    विस्तृत व्याख्या:

    द्वितीय विश्व युद्ध (1939-1945) के दौरान प्रमुख धुरी शक्तियां जर्मनी (एडॉल्फ हिटलर के नेतृत्व में), इटली (बेनिटो मुसोलिनी के नेतृत्व में) और जापान (सम्राट हिरोहितो और प्रधान मंत्री तोजो के नेतृत्व में) थीं। ये देश एक गठबंधन में थे जो मित्र राष्ट्रों (जैसे संयुक्त राज्य अमेरिका, ब्रिटेन, सोवियत संघ और फ्रांस) के खिलाफ लड़ रहा था। हालिया समाचार में हिरोहितो की 1971 की यूरोपीय यात्रा का उल्लेख है, जो युद्ध के बाद के तनाव को दर्शाता है।

  26. 1789 की फ्रांसीसी क्रांति का मुख्य नारा क्या था?

    (A) शांति, भूमि, रोटी

    (B) स्वतंत्रता, समानता, बंधुत्व

    (C) एक राष्ट्र, एक नेता, एक साम्राज्य

    (D) स्वतंत्रता या मृत्यु

    सही उत्तर: (B) स्वतंत्रता, समानता, बंधुत्व

    विस्तृत व्याख्या:

    1789 की फ्रांसीसी क्रांति का मुख्य नारा “स्वतंत्रता, समानता, बंधुत्व” (Liberté, égalité, fraternité) था। यह नारा क्रांति के आदर्शों और लक्ष्यों को संक्षेप में प्रस्तुत करता है। इस क्रांति ने निरंकुश राजशाही को समाप्त कर दिया और यूरोप तथा दुनिया भर में लोकतंत्र और राष्ट्रवाद के विचारों को प्रेरित किया। “शांति, भूमि, रोटी” रूसी क्रांति से जुड़ा था, जबकि “एक राष्ट्र, एक नेता, एक साम्राज्य” नाज़ी जर्मनी का नारा था।

  27. गांधीजी ने किस वर्ष ‘सविनय अवज्ञा आंदोलन’ शुरू किया था?

    (A) 1920

    (B) 1922

    (C) 1930

    (D) 1942

    सही उत्तर: (C) 1930

    विस्तृत व्याख्या:

    महात्मा गांधी ने 12 मार्च 1930 को प्रसिद्ध दांडी मार्च के साथ ‘सविनय अवज्ञा आंदोलन’ शुरू किया था। यह आंदोलन नमक कानून को तोड़ने पर केंद्रित था, जो ब्रिटिश सरकार द्वारा नमक के उत्पादन और बिक्री पर एकाधिकार को चुनौती दे रहा था। इस आंदोलन का उद्देश्य ब्रिटिश कानूनों का शांतिपूर्ण ढंग से उल्लंघन करना और स्वराज प्राप्त करना था। 1920 में असहयोग आंदोलन शुरू हुआ, 1922 में चौरा-चौरी घटना के बाद इसे वापस ले लिया गया, और 1942 में भारत छोड़ो आंदोलन शुरू हुआ।

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