Get free Notes

सफलता सिर्फ कड़ी मेहनत से नहीं, सही मार्गदर्शन से मिलती है। हमारे सभी विषयों के कम्पलीट नोट्स, G.K. बेसिक कोर्स, और करियर गाइडेंस बुक के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें।

Click Here

इतिहास की समय-यात्रा: अपनी तैयारी को दें एक नई धार

इतिहास की समय-यात्रा: अपनी तैयारी को दें एक नई धार

\n

समय के अंतहीन गलियारों में यात्रा करना केवल तथ्यों को याद करना नहीं, बल्कि अतीत की उन घटनाओं को समझना है जिन्होंने हमारे वर्तमान को गढ़ा है। चाहे आप यूपीएससी की तैयारी कर रहे हों या राज्य लोक सेवा आयोग की, इतिहास की गहरी समझ आपको एक प्रतिस्पर्धी बढ़त दिलाती है। आइए, आज के इस विशेष अभ्यास सेट के माध्यम से अपने ज्ञान की परीक्षा लें और समय की परतों को खोलें!

\n


\n

    \n

  1. सिंधु घाटी सभ्यता के किस स्थल पर ‘विशाल स्नानागार’ (Great Bath) पाया गया था?\n
      \n

    • (A) हड़प्पा
    • \n

    • (B) लोथल
    • \n

    • (C) मोहनजोदड़ो
    • \n

    • (D) कालीबंगा
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) मोहनजोदड़ो\n

    विस्तृत व्याख्या: मोहनजोदड़ो में पाया गया ‘विशाल स्नानागार’ सिंधु घाटी सभ्यता की सबसे महत्वपूर्ण संरचनाओं में से एक है। यह संभवतः धार्मिक स्नान या अनुष्ठानिक उद्देश्यों के लिए उपयोग किया जाता था। यह ईंटों से बना था और जलरोधी बनाने के लिए बिटुमेन (Bitumen) का लेप लगाया गया था।\n
    अन्य विकल्प: हड़प्पा में अन्न भंडार मिले हैं, लोथल एक प्रमुख बंदरगाह था और कालीबंगा में जुते हुए खेतों के प्रमाण मिले हैं।

    \n

    \n

  2. \n\n

  3. ऋग्वेद में ‘दशराज युद्ध’ (Battle of Ten Kings) का वर्णन किस नदी के तट पर हुआ है?\n
      \n

    • (A) सिंधु नदी
    • \n

    • (B) परुष्णी (रावी) नदी
    • \n

    • (C) सरस्वती नदी
    • \n

    • (D) वितस्ता (झेलम) नदी
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) परुष्णी (रावी) नदी\n

    विस्तृत व्याख्या: ऋग्वेद के 7वें मंडल में ‘दशराज युद्ध’ का उल्लेख है, जो परुष्णी (आधुनिक रावी) नदी के किनारे लड़ा गया था। यह युद्ध भरत वंश के राजा सुदास और दस अन्य जनजातियों के गठबंधन के बीच हुआ था, जिसमें राजा सुदास विजयी रहे।\n
    अन्य विकल्प: सिंधु, सरस्वती और वितस्ता महत्वपूर्ण नदियाँ थीं, लेकिन दशराज युद्ध का विशिष्ट संबंध परुष्णी नदी से है।

    \n

    \n

  4. \n\n

  5. मौर्य प्रशासन में ‘धम्म महामात्र’ की नियुक्ति किसके द्वारा की गई थी?\n
      \n

    • (A) चंद्रगुप्त मौर्य
    • \n

    • (B) बिंदुसार
    • \n

    • (C) सम्राट अशोक
    • \n

    • (D) बृहद्रथ
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) सम्राट अशोक\n

    विस्तृत व्याख्या: कलिंग युद्ध के बाद, सम्राट अशोक ने ‘धम्म’ (नैतिक आचरण) के प्रचार-प्रसार के लिए विशेष अधिकारियों की नियुक्ति की, जिन्हें ‘धम्म महामात्र’ कहा जाता था। इनका कार्य समाज में शांति, सहिष्णुता और नैतिकता को बढ़ावा देना था।\n
    अन्य विकल्प: चंद्रगुप्त मौर्य और बिंदुसार ने प्रशासनिक ढांचे को मजबूत किया, लेकिन धम्म महामात्र की विशिष्ट अवधारणा अशोक की देन थी।

    \n

    \n

  6. \n\n

  7. गुप्त काल के दौरान किस चीनी यात्री ने भारत की यात्रा की और जिसने गुप्त साम्राज्य के पतन के समय की जानकारी दी?\n
      \n

    • (A) फाह्यान
    • \n

    • (B) ह्वेनसांग
    • \n

    • (C) इत्सिंग
    • \n

    • (D) अल-बरुनी
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (A) फाह्यान\n

    विस्तृत व्याख्या: फाह्यान चंद्रगुप्त द्वितीय (विक्रमादित्य) के शासनकाल के दौरान भारत आया था। उसने गुप्त साम्राज्य की समृद्धि, शांति और बौद्ध धर्म की स्थिति का वर्णन किया है।\n
    अन्य विकल्प: ह्वेनसांग हर्षवर्धन के समय आया था, इत्सिंग 7वीं शताब्दी के अंत में आया और अल-बरुनी महमूद गज़नी के साथ भारत आया था।

    \n

    \n

  8. \n\n

  9. चोल साम्राज्य की सबसे विशिष्ट विशेषता क्या थी?\n
      \n

    • (A) एक केंद्रीकृत नौकरशाही
    • \n

    • (B) ग्रामीण स्वशासन (Local Self-Government)
    • \n

    • (C) केवल व्यापार पर निर्भरता
    • \n

    • (D) सैन्य तानाशाही
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) ग्रामीण स्वशासन (Local Self-Government)\n

    विस्तृत व्याख्या: चोल प्रशासन अपनी स्थानीय स्वशासन प्रणाली के लिए प्रसिद्ध था। ‘उत्तरमेरुर’ शिलालेखों से पता चलता है कि गाँवों का प्रशासन ‘उर’ और ‘सभा’ जैसी संस्थाओं द्वारा चलाया जाता था, जहाँ सदस्यों का चुनाव लॉटरी प्रणाली (कुडावोलाई) के माध्यम से होता था।\n
    अन्य विकल्प: हालांकि उनके पास एक मजबूत सेना और नौकरशाही थी, लेकिन ग्रामीण स्वायत्तता उनकी सबसे अनोखी विशेषता थी।

    \n

    \n

  10. \n\n

  11. चौथी बौद्ध संगीति का आयोजन किसके संरक्षण में हुआ था?\n
      \n

    • (A) अजातशत्रु
    • \n

    • (B) कालाशोक
    • \n

    • (C) अशोक
    • \n

    • (D) कनिष्क
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (D) कनिष्क\n

    विस्तृत व्याख्या: चौथी बौद्ध संगीति कुषाण शासक कनिष्क के काल में कश्मीर के कुंडलवन में आयोजित की गई थी। इसी संगीति में बौद्ध धर्म ‘हीनयान’ और ‘महायान’ दो संप्रदायों में विभाजित हो गया।\n
    अन्य विकल्प: पहली संगीति अजातशत्रु, दूसरी कालाशोक और तीसरी अशोक के समय हुई थी।

    \n

    \n

  12. \n\n

  13. दिल्ली सल्तनत के किस सुल्तान ने ‘बाजार नियंत्रण प्रणाली’ (Market Control System) लागू की थी?\n
      \n

    • (A) इल्तुतमिश
    • \n

    • (B) बलबन
    • \n

    • (C) अलाउद्दीन खिलजी
    • \n

    • (D) मोहम्मद बिन तुगलक
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) अलाउद्दीन खिलजी\n

    विस्तृत व्याख्या: अलाउद्दीन खिलजी ने अपनी विशाल सेना के रख-रखाव के लिए वस्तुओं की कीमतें निर्धारित कीं और सख्त बाजार नियंत्रण प्रणाली लागू की। उसने ‘शहना-ए-मंडी’ नामक अधिकारियों की नियुक्ति की जो कीमतों पर नजर रखते थे।\n
    अन्य विकल्प: इल्तुतमिश ने इकता प्रणाली शुरू की, बलबन ने ‘सिजदा और पैबोस’ शुरू किया, और तुगलक ने टोकन मुद्रा का प्रयोग किया।

    \n

    \n

  14. \n\n

  15. विजयनगर साम्राज्य के किस शासक को ‘आंध्र भोज’ के नाम से जाना जाता था?\n
      \n

    • (A) हरिहर I
    • \n

    • (B) देवराय II
    • \n

    • (C) कृष्णदेव राय
    • \n

    • (D) सदाशिव राय
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) कृष्णदेव राय\n

    विस्तृत व्याख्या: तुलुव वंश के महान शासक कृष्णदेव राय एक महान विद्वान और कवि थे। उन्हें उनकी साहित्य प्रेम और तेलुगु भाषा के प्रोत्साहन के कारण ‘आंध्र भोज’ कहा जाता था। उनके दरबार में ‘अष्टदिग्गज’ (आठ महान कवि) थे।\n
    अन्य विकल्प: हरिहर और बुक्का ने साम्राज्य की स्थापना की, जबकि देवराय II ने सैन्य शक्ति बढ़ाई।

    \n

    \n

  16. \n\n

  17. मुगल सम्राट अकबर द्वारा शुरू की गई ‘मनसबदारी प्रणाली’ का मुख्य उद्देश्य क्या था?\n
      \n

    • (A) केवल धार्मिक सुधार करना
    • \n

    • (B) सैन्य और नागरिक प्रशासन को व्यवस्थित करना
    • \n

    • (C) कृषि उत्पादन बढ़ाना
    • \n

    • (D) विदेशी व्यापार को नियंत्रित करना
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) सैन्य और नागरिक प्रशासन को व्यवस्थित करना\n

    विस्तृत व्याख्या: मनसबदारी प्रणाली एक श्रेणीबद्ध व्यवस्था थी जिसमें ‘जात’ (व्यक्तिगत रैंक) और ‘सवार’ (घुड़सवारों की संख्या) निर्धारित की जाती थी। इससे अकबर को एक संगठित सेना और वफादार नौकरशाही प्राप्त हुई।\n
    अन्य विकल्प: धार्मिक सुधारों के लिए ‘दीन-ए-इलाही’ था और कृषि के लिए ‘जब्ती’ प्रणाली थी।

    \n

    \n

  18. \n\n

  19. शिवाजी महाराज के प्रशासन में ‘अष्टप्रधान’ परिषद का क्या कार्य था?\n
      \n

    • (A) केवल सैन्य रणनीति बनाना
    • \n

    • (B) राजा को प्रशासन के विभिन्न विभागों में सलाह देना
    • \n

    • (C) केवल राजस्व वसूलना
    • \n

    • (D) धार्मिक अनुष्ठान करना
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) राजा को प्रशासन के विभिन्न विभागों में सलाह देना\n

    विस्तृत व्याख्या: शिवाजी महाराज ने प्रशासन चलाने के लिए आठ मंत्रियों की एक परिषद बनाई थी जिसे ‘अष्टप्रधान’ कहा जाता था। इसमें पेशवा (प्रधानमंत्री), अमात्य (वित्त मंत्री), और सुमंत (विदेश मंत्री) जैसे महत्वपूर्ण पद थे।\n
    अन्य विकल्प: यह परिषद केवल सैन्य या वित्तीय नहीं, बल्कि संपूर्ण प्रशासनिक कार्यों के लिए थी।

    \n

    \n

  20. \n\n

  21. किस मुगल शासक ने ‘जज़िया’ कर को पुनः लागू किया था?\n
      \n

    • (A) अकबर
    • \n

    • (B) जहांगीर
    • \n

    • (C) शाहजहाँ
    • \n

    • (D) औरंगजेब
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (D) औरंगजेब\n

    विस्तृत व्याख्या: अकबर ने 1564 में गैर-मुस्लिमों पर लगाया गया ‘जज़िया’ कर समाप्त कर दिया था, लेकिन औरंगजेब ने 1679 में इसे पुनः लागू कर दिया, जिससे साम्राज्य में असंतोष बढ़ा।\n
    अन्य विकल्प: जहांगीर और शाहजहाँ ने अकबर की उदार नीतियों का मोटे तौर पर पालन किया।

    \n

    \n

  22. \n\n

  23. दिल्ली सल्तनत के किस वंश ने सबसे कम समय तक शासन किया?\n
      \n

    • (A) खिलजी वंश
    • \n

    • (B) तुगलक वंश
    • \n

    • (C) सैयद वंश
    • \n

    • (D) लोदी वंश
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (A) खिलजी वंश\n

    विस्तृत व्याख्या: खिलजी वंश ने लगभग 30 वर्षों (1290-1320) तक शासन किया, जो दिल्ली सल्तनत के अन्य वंशों (जैसे तुगलक या लोदी) की तुलना में सबसे कम अवधि थी।\n
    अन्य विकल्प: तुगलक वंश का शासनकाल सबसे लंबा था।

    \n

    \n

  24. \n\n

  25. प्लासी के युद्ध (1757) का तात्कालिक कारण क्या था?\n
      \n

    • (A) सिराज-उद-दौला द्वारा अंग्रेजों के व्यापारिक विशेषाधिकारों को चुनौती देना
    • \n

    • (B) टीपू सुल्तान का आक्रमण
    • \n

    • (C) मराठों का हस्तक्षेप
    • \n

    • (D) मुगल सम्राट का आदेश
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (A) सिराज-उद-दौला द्वारा अंग्रेजों के व्यापारिक विशेषाधिकारों को चुनौती देना\n

    विस्तृत व्याख्या: बंगाल के नवाब सिराज-उद-दौला ने अंग्रेजों द्वारा ‘दस्तक’ (टोल-फ्री पास) के दुरुपयोग और फोर्ट विलियम की किलेबंदी का विरोध किया था, जिसके परिणामस्वरूप प्लासी का युद्ध हुआ।\n
    अन्य विकल्प: टीपू सुल्तान बाद के मैसूर युद्धों से संबंधित थे, और मराठों का प्रभाव इस युद्ध का प्राथमिक कारण नहीं था।

    \n

    \n

  26. \n\n

  27. 1857 के विद्रोह के दौरान ‘झांसी’ का नेतृत्व किसने किया था?\n
      \n

    • (A) बेगम हजरत महल
    • \n

    • (B) रानी लक्ष्मीबाई
    • \n

    • (C) कुंवर सिंह
    • \n

    • (D) नाना साहिब
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) रानी लक्ष्मीबाई\n

    विस्तृत व्याख्या: रानी लक्ष्मीबाई ने अंग्रेजों की ‘व्यपगत सिद्धांत’ (Doctrine of Lapse) की नीति के विरोध में झांसी की रक्षा के लिए युद्ध लड़ा। वह 1857 के विद्रोह की सबसे प्रमुख महिला नायिका थीं।\n
    अन्य विकल्प: बेगम हजरत महल ने लखनऊ, कुंवर सिंह ने बिहार और नाना साहिब ने कानपुर का नेतृत्व किया था।

    \n

    \n

  28. \n\n

  29. राजा राममोहन राय ने ‘ब्रह्म समाज’ की स्थापना किस वर्ष की थी?\n
      \n

    • (A) 1825
    • \n

    • (B) 1828
    • \n

    • (C) 1830
    • \n

    • (D) 1833
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) 1828\n

    विस्तृत व्याख्या: राजा राममोहन राय ने 1828 में कोलकाता में ब्रह्म समाज की स्थापना की। इसका मुख्य उद्देश्य मूर्तिपूजा का विरोध करना, एकेश्वरवाद का प्रचार करना और सती प्रथा जैसी सामाजिक बुराइयों को समाप्त करना था।\n
    अन्य विकल्प: 1825 और 1830 के आसपास उन्होंने विभिन्न संस्थाएं बनाईं, लेकिन ब्रह्म समाज का आधिकारिक वर्ष 1828 है।

    \n

    \n

  30. \n\n

  31. महात्मा गांधी ने ‘असहयोग आंदोलन’ (Non-Cooperation Movement) को किस घटना के बाद वापस ले लिया था?\n
      \n

    • (A) जलियावाला बाग हत्याकांड
    • \n

    • (B) चौरी-चौरा कांड
    • \n

    • (C) रौलट एक्ट
    • \n

    • (D) दांडी मार्च
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) चौरी-चौरा कांड\n

    विस्तृत व्याख्या: फरवरी 1922 में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के चौरी-चौरा गांव में एक हिंसक भीड़ ने पुलिस स्टेशन को आग लगा दी, जिसमें 22 पुलिसकर्मी मारे गए। अहिंसा के पुजारी गांधीजी ने इस हिंसा से दुखी होकर आंदोलन वापस ले लिया।\n
    अन्य विकल्प: जलियावाला बाग (1919) ने आंदोलन को प्रेरित किया था, रौलट एक्ट विरोध का कारण था और दांडी मार्च सविनय अवज्ञा आंदोलन की शुरुआत थी।

    \n

    \n

  32. \n\n

  33. ‘भारत छोड़ो आंदोलन’ (Quit India Movement) के दौरान ‘करो या मरो’ का नारा किसने दिया था?\n
      \n

    • (A) जवाहरलाल नेहरू
    • \n

    • (B) सुभाष चंद्र बोस
    • \n

    • (C) महात्मा गांधी
    • \n

    • (D) सरदार पटेल
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) महात्मा गांधी\n

    विस्तृत व्याख्या: 8 अगस्त 1942 को बंबई के ग्वालिया टैंक मैदान से महात्मा गांधी ने ‘भारत छोड़ो आंदोलन’ की शुरुआत की और देशवासियों को ‘करो या मरो’ (Do or Die) का आह्वान किया।\n
    अन्य विकल्प: सुभाष चंद्र बोस ने ‘दिल्ली चलो’ और ‘जय हिंद’ का नारा दिया था।

    \n

    \n

  34. \n\n

  35. 1935 का भारत सरकार अधिनियम (Government of India Act 1935) मुख्य रूप से किसके लिए जाना जाता है?\n
      \n

    • (A) पूर्ण स्वतंत्रता की घोषणा
    • \n

    • (B) प्रांतीय स्वायत्तता (Provincial Autonomy) की शुरुआत
    • \n

    • (C) द्वैध शासन का अंत
    • \n

    • (D) केवल सांप्रदायिक निर्वाचन मंडल का गठन
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) प्रांतीय स्वायत्तता (Provincial Autonomy) की शुरुआत\n

    विस्तृत व्याख्या: 1935 के अधिनियम ने प्रांतों में द्वैध शासन समाप्त कर उन्हें स्वायत्तता प्रदान की। इसने एक संघीय ढांचे का प्रस्ताव रखा और कई प्रशासनिक बदलाव किए, जो बाद में भारतीय संविधान का मुख्य आधार बने।\n
    अन्य विकल्प: पूर्ण स्वतंत्रता 1947 में मिली। द्वैध शासन केंद्र में लागू किया गया था, प्रांतों में समाप्त।

    \n

    \n

  36. \n\n

  37. कैबिनेट मिशन (Cabinet Mission) भारत किस वर्ष आया था?\n
      \n

    • (A) 1942
    • \n

    • (B) 1945
    • \n

    • (C) 1946
    • \n

    • (D) 1947
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) 1946\n

    विस्तृत व्याख्या: मार्च 1946 में ब्रिटिश प्रधानमंत्री क्लेमेंट एटली ने कैबिनेट मिशन भारत भेजा। इसका उद्देश्य भारत को सत्ता हस्तांतरण के लिए एक संविधान सभा का गठन करना था।\n
    अन्य विकल्प: 1942 भारत छोड़ो आंदोलन का वर्ष था, और 1947 स्वतंत्रता का।

    \n

    \n

  38. \n\n

  39. फ्रांसीसी क्रांति (1789) का मुख्य नारा क्या था?\n
      \n

    • (A) शांति, प्रेम और भाईचारा
    • \n

    • (B) स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व (Liberty, Equality, Fraternity)
    • \n

    • (C) ईश्वर के लिए, राजा के लिए
    • \n

    • (D) रक्त और लोहा
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व (Liberty, Equality, Fraternity)\n

    विस्तृत व्याख्या: 1789 की फ्रांसीसी क्रांति ने निरंकुश राजशाही को समाप्त कर आधुनिक लोकतंत्र की नींव रखी। इसका मूल मंत्र ‘स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व’ था, जिसने पूरी दुनिया के लोकतांत्रिक आंदोलनों को प्रेरित किया।\n
    अन्य विकल्प: ‘रक्त और लोहा’ बिस्मार्क (जर्मनी) की नीति थी।

    \n

    \n

  40. \n\n

  41. औद्योगिक क्रांति की शुरुआत सबसे पहले किस देश में हुई थी?\n
      \n

    • (A) फ्रांस
    • \n

    • (B) जर्मनी
    • \n

    • (C) संयुक्त राज्य अमेरिका
    • \n

    • (D) ब्रिटेन
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (D) ब्रिटेन\n

    विस्तृत व्याख्या: 18वीं शताब्दी के उत्तरार्ध में ब्रिटेन में कोयले की उपलब्धता, तकनीकी नवाचार (जैसे जेम्स वाट का भाप इंजन) और विशाल उपनिवेशों के कारण औद्योगिक क्रांति शुरू हुई।\n
    अन्य विकल्प: फ्रांस और अमेरिका में यह क्रांति बाद में पहुँची।

    \n

    \n

  42. \n\n

  43. 1588 में ‘स्पेनिश आर्मडा’ (Spanish Armada) की हार किस देश के हाथों हुई थी?\n
      \n

    • (A) फ्रांस
    • \n

    • (B) पुर्तगाल
    • \n

    • (C) इंग्लैंड
    • \n

    • (D) नीदरलैंड
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) इंग्लैंड\n

    विस्तृत व्याख्या: 1588 में स्पेन के राजा फिलिप II ने इंग्लैंड पर आक्रमण करने के लिए एक विशाल नौसैनिक बेड़ा (आर्मडा) भेजा था। इंग्लैंड की नौसेना और खराब मौसम के कारण स्पेनिश आर्मडा की करारी हार हुई, जिससे इंग्लैंड एक प्रमुख समुद्री शक्ति बनकर उभरा।\n
    अन्य विकल्प: फ्रांस और पुर्तगाल उस समय की अन्य शक्तियाँ थीं, लेकिन यह निर्णायक युद्ध इंग्लैंड और स्पेन के बीच था।

    \n

    \n

  44. \n\n

  45. प्रथम विश्व युद्ध (1914-1918) का तात्कालिक कारण क्या था?\n
      \n

    • (A) वर्साय की संधि
    • \n

    • (B) आर्कड्यूक फ्रांज फर्डिनेंड की हत्या
    • \n

    • (C) जर्मनी का पोलैंड पर आक्रमण
    • \n

    • (D) रूसी क्रांति
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) आर्कड्यूक फ्रांज फर्डिनेंड की हत्या\n

    विस्तृत व्याख्या: 28 जून 1914 को ऑस्ट्रिया-हंगरी के उत्तराधिकारी आर्कड्यूक फ्रांज फर्डिनेंड की साराजेवो में हत्या कर दी गई। इस घटना ने यूरोपीय शक्तियों के बीच संधियों के जाल को सक्रिय कर दिया और प्रथम विश्व युद्ध छिड़ गया।\n
    अन्य विकल्प: वर्साय की संधि युद्ध के अंत में हुई, और पोलैंड पर आक्रमण द्वितीय विश्व युद्ध का कारण था।

    \n

    \n

  46. \n\n

  47. अमेरिका के किस राष्ट्रपति ने 1974 में ‘वाटरगेट कांड’ (Watergate Scandal) के बाद इस्तीफा दिया था?\n
      \n

    • (A) ड्वाइट आइजनहावर
    • \n

    • (B) जॉन एफ केनेडी
    • \n

    • (C) रिचर्ड निक्सन
    • \n

    • (D) जेराल्ड फोर्ड
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (C) रिचर्ड निक्सन\n

    विस्तृत व्याख्या: रिचर्ड निक्सन अमेरिकी इतिहास के एकमात्र राष्ट्रपति हैं जिन्होंने इस्तीफा दिया। 8 अगस्त 1974 को उन्होंने वाटरगेट कांड (विपक्षी दल के कार्यालय में जासूसी का मामला) के कारण अपने पद से त्यागपत्र दे दिया था।\n
    अन्य विकल्प: केनेडी की हत्या कर दी गई थी, और फोर्ड निक्सन के बाद राष्ट्रपति बने थे।

    \n

    \n

  48. \n\n

  49. इराक ने किस वर्ष ब्रिटिश प्रभाव से पूर्ण स्वतंत्रता प्राप्त की थी?\n
      \n

    • (A) 1920
    • \n

    • (B) 1932
    • \n

    • (C) 1945
    • \n

    • (D) 1958
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) 1932\n

    विस्तृत व्याख्या: प्रथम विश्व युद्ध के बाद इराक ब्रिटिश जनादेश (Mandate) के तहत था। लंबे संघर्ष और कूटनीतिक वार्ताओं के बाद, इराक को 3 अक्टूबर 1932 को औपचारिक रूप से स्वतंत्रता मिली और वह लीग ऑफ नेशंस का सदस्य बना।\n
    अन्य विकल्प: 1920 में वहां ब्रिटिश शासन के खिलाफ बड़ा विद्रोह हुआ था, लेकिन स्वतंत्रता 1932 में मिली।

    \n

    \n

  50. \n\n

  51. शीत युद्ध (Cold War) के दौरान ‘ट्रुमैन सिद्धांत’ (Truman Doctrine) का मुख्य उद्देश्य क्या था?\n
      \n

    • (A) परमाणु हथियारों का प्रसार करना
    • \n

    • (B) साम्यवाद (Communism) के प्रसार को रोकना
    • \n

    • (C) उपनिवेशवाद को बढ़ावा देना
    • \n

    • (D) चीन के साथ व्यापारिक संबंध बनाना
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) साम्यवाद (Communism) के प्रसार को रोकना\n

    विस्तृत व्याख्या: 1947 में अमेरिकी राष्ट्रपति हैरी ट्रुमैन ने यह सिद्धांत पेश किया था। इसका लक्ष्य उन देशों को आर्थिक और सैन्य सहायता प्रदान करना था जो सोवियत संघ के प्रभाव और साम्यवाद के प्रसार के खतरे में थे (विशेषकर ग्रीस और तुर्की)।\n
    अन्य विकल्प: यह सिद्धांत साम्यवाद के विरुद्ध ‘containment’ (रोकथाम) की नीति पर आधारित था।

    \n

    \n

  52. \n\n

  53. द्वितीय विश्व युद्ध में ‘होलोकॉस्ट’ (Holocaust) शब्द का संबंध किससे है?\n
      \n

    • (A) जापान द्वारा चीन पर हमला
    • \n

    • (B) नाजी जर्मनी द्वारा यहूदियों का सामूहिक नरसंहार
    • \n

    • (C) अमेरिका द्वारा हिरोशिमा पर परमाणु हमला
    • \n

    • (D) सोवियत संघ का बर्लिन पर कब्जा
    • \n

    \n

    \nसही उत्तर: (B) नाजी जर्मनी द्वारा यहूदियों का सामूहिक नरसंहार\n

    विस्तृत व्याख्या: एडोल्फ हिटलर के नेतृत्व में नाजी शासन के दौरान लाखों यहूदियों और अन्य अल्पसंख्यक समूहों को व्यवस्थित तरीके से एकाग्रता शिविरों (Concentration Camps) में मारकर खत्म कर दिया गया, जिसे ‘होलोकॉस्ट’ कहा जाता है।\n
    अन्य विकल्प: हिरोशिमा हमला परमाणु युद्ध का हिस्सा था, जबकि होलोकॉस्ट एक नस्लीय नरसंहार था।

    \n

    \n

  54. \n

सफलता सिर्फ कड़ी मेहनत से नहीं, सही मार्गदर्शन से मिलती है। हमारे सभी विषयों के कम्पलीट नोट्स, G.K. बेसिक कोर्स, और करियर गाइडेंस बुक के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें।

[कोर्स और फ्री नोट्स के लिए यहाँ क्लिक करें]

Leave a Comment