समय की धूल झाड़कर आइए अतीत के उन पन्नों को पलटते हैं जिन्होंने आज के वर्तमान को गढ़ा है। यह अभ्यास सेट आपको सिंधु घाटी की गलियों से लेकर स्वतंत्रता संग्राम के संघर्षों तक एक रोमांचक यात्रा पर ले जाएगा। क्या आप अपनी ऐतिहासिक समझ को चुनौती देने के लिए तैयार हैं? आइए, अपनी तैयारी को परखें!
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- सिंधु घाटी सभ्यता के किस स्थल से ‘विशाल स्नानागार’ (Great Bath) के साक्ष्य मिले हैं?\n
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- (A) हड़प्पा
- (B) मोहनजोदड़ो
- (C) लोथल
- (D) कालीबंगन
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सही उत्तर: (B) मोहनजोदड़ो
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विस्तृत व्याख्या: मोहनजोदड़ो (सिंधु नदी के तट पर) से एक विशाल आयताकार स्नानागार मिला है, जिसका उपयोग संभवतः धार्मिक अनुष्ठानों के लिए किया जाता था। यह सिंधु घाटी सभ्यता की उन्नत नगर नियोजन और इंजीनियरिंग का उत्कृष्ट उदाहरण है।
\nअन्य विकल्प: हड़प्पा से अन्नागार मिले हैं, लोथल एक प्रमुख बंदरगाह था और कालीबंगन से जुते हुए खेतों के साक्ष्य मिले हैं।\n\n
- ऋग्वेद के किस मंडल में ‘पुरुष सूक्त’ का उल्लेख है, जिसमें वर्ण व्यवस्था का वर्णन मिलता है?\n
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- (A) तीसरे मंडल
- (B) सातवें मंडल
- (C) नौवें मंडल
- (D) दसवें मंडल
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सही उत्तर: (D) दसवें मंडल
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विस्तृत व्याख्या: ऋग्वेद के 10वें मंडल के ‘पुरुष सूक्त’ में पहली बार चार वर्णों (ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य और शूद्र) की उत्पत्ति का उल्लेख मिलता है।
\nअन्य विकल्प: तीसरे मंडल में प्रसिद्ध ‘गायत्री मंत्र’ है, जबकि सातवें मंडल में नदियों के वर्णन और सोम रस का उल्लेख है।\n\n
- गौतम बुद्ध ने अपना प्रथम उपदेश (धर्मचक्रप्रवर्तन) कहाँ दिया था?\n
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- (A) कुशीनगर
- (B) लुम्बिनी
- (C) सारनाथ
- (D) बोधगया
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सही उत्तर: (C) सारनाथ
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विस्तृत व्याख्या: ज्ञान प्राप्ति के बाद, बुद्ध ने सारनाथ (वाराणसी के पास) में अपने पाँच पूर्व साथियों को प्रथम उपदेश दिया, जिसे ‘धर्मचक्रप्रवर्तन’ कहा जाता है।
\nअन्य विकल्प: लुम्बिनी जन्म स्थान है, बोधगया ज्ञान प्राप्ति का स्थान है और कुशीनगर महापरिनिर्वाण (मृत्यु) का स्थान है।\n\n
- मौर्य सम्राट अशोक के शिलालेखों को सर्वप्रथम किसने पढ़ा था?\n
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- (A) जेम्स प्रिंसेप
- (B) विलियम जोन्स
- (C) अलेक्जेंडर कनिंघम
- (D) मैक्स मुलर
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सही उत्तर: (A) जेम्स प्रिंसेप
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विस्तृत व्याख्या: 1837 में ब्रिटिश विद्वान जेम्स प्रिंसेप ने पहली बार अशोक के ब्राह्मी लिपि में लिखे शिलालेखों को पढ़ने में सफलता प्राप्त की, जिससे मौर्य साम्राज्य का इतिहास स्पष्ट हुआ।
\nअन्य विकल्प: विलियम जोन्स ने ‘एशियाटिक सोसाइटी’ की स्थापना की थी और कनिंघम को भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) का जनक माना जाता है।\n\n
- गुप्त काल के दौरान ‘नवरत्नों’ से सुसज्जित कौन सा सम्राट था?\n
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- (A) श्रीगुप्त
- (B) समुद्रगुप्त
- (C) चंद्रगुप्त द्वितीय (विक्रमादित्य)
- (D) स्कंदगुप्त
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सही उत्तर: (C) चंद्रगुप्त द्वितीय
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विस्तृत व्याख्या: चंद्रगुप्त द्वितीय के दरबार में नौ विद्वान (नवरत्न) थे, जिनमें महाकवि कालिदास और वराहमिहिर जैसे दिग्गज शामिल थे। इन्हें ‘विक्रमादित्य’ की उपाधि से भी जाना जाता है।
\nअन्य विकल्प: समुद्रगुप्त को ‘भारत का नेपोलियन’ कहा जाता है, जबकि श्रीगुप्त गुप्त वंश के संस्थापक थे।\n\n
- संगम साहित्य मुख्य रूप से किस भाषा में लिखा गया था?\n
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- (A) संस्कृत
- (B) पाली
- (C) प्राकृत
- (D) तमिल
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सही उत्तर: (D) तमिल
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विस्तृत व्याख्या: संगम साहित्य प्राचीन दक्षिण भारत (चेर, चोल और पांड्य राजाओं के काल) का तमिल भाषा में लिखा गया साहित्य है। यह उस समय के सामाजिक और राजनीतिक जीवन की जानकारी देता है।
\nअन्य विकल्प: पाली और प्राकृत का उपयोग बौद्ध और जैन ग्रंथों के लिए किया गया था, जबकि संस्कृत दरबारी और धार्मिक साहित्य की भाषा थी।\n\n\n
- दिल्ली सल्तनत के किस सुल्तान ने ‘सिजदा’ और ‘पाबोस’ जैसी फारसी परंपराएं शुरू की थीं?\n
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- (A) कुतुबुद्दीन ऐबक
- (B) इल्तुतमिश
- (C) गयासुद्दीन बलबन
- (D) अलाउद्दीन खिलजी
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सही उत्तर: (C) गयासुद्दीन बलबन
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विस्तृत व्याख्या: बलबन ने सुल्तान की प्रतिष्ठा बढ़ाने के लिए ‘सिजदा’ (घुटनों के बल झुकना) और ‘पाबोस’ (सुल्तान के पैरों को चूमना) की प्रथाएं शुरू की थीं।
\nअन्य विकल्प: इल्तुतमिश ने ‘तुर्कान-ए-चिहलगानी’ (40 गुलामों का दल) बनाया था, जिसे बाद में बलबन ने नष्ट किया।\n\n
- अलाउद्दीन खिलजी द्वारा लागू की गई ‘बाजार नियंत्रण प्रणाली’ का मुख्य उद्देश्य क्या था?\n
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- (A) व्यापार बढ़ाना
- (B) किसानों की मदद करना
- (C) एक विशाल सेना का कम खर्च में रखरखाव करना
- (D) विदेशी व्यापार को बढ़ावा देना
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सही उत्तर: (C) एक विशाल सेना का कम खर्च में रखरखाव करना
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विस्तृत व्याख्या: मंगोल आक्रमणों से बचाव के लिए अलाउद्दीन को एक बड़ी सेना की आवश्यकता थी। सैनिकों को कम वेतन में गुजारा कराने के लिए उसने वस्तुओं की कीमतें निर्धारित कीं और राशनिंग लागू की।
\nअन्य विकल्प: इसका उद्देश्य जन कल्याण या व्यापार वृद्धि नहीं, बल्कि सैन्य मजबूती था।\n\n
- मुगल सम्राट अकबर द्वारा प्रतिपादित ‘दीन-ए-इलाही’ का मुख्य उद्देश्य क्या था?\n
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- (A) इस्लाम का प्रचार करना
- (B) सभी धर्मों के अच्छे तत्वों को मिलाकर एक साझा नैतिक संहिता बनाना
- (C) हिंदुओं को जबरन परिवर्तित करना
- (D) केवल सूफी संतों को जोड़ना
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सही उत्तर: (B) सभी धर्मों के अच्छे तत्वों को मिलाकर एक साझा नैतिक संहिता बनाना
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विस्तृत व्याख्या: अकबर ने 1582 में ‘दीन-ए-इलाही’ शुरू किया, जिसका उद्देश्य विभिन्न धर्मों के बीच सामंजस्य स्थापित करना और एक उदार शासन चलाना था।
\nअन्य विकल्प: यह कोई औपचारिक धर्म नहीं था, बल्कि एक दार्शनिक दृष्टिकोण था।\n\n
- विजयनगर साम्राज्य के किस शासक के काल में पुर्तगाली यात्री डोमिंगो पेस ने दौरा किया था?\n
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- (A) हरिहर I
- (B) देवराय II
- (C) कृष्णदेव राय
- (D) अच्युत राय
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सही उत्तर: (C) कृष्णदेव राय
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विस्तृत व्याख्या: कृष्णदेव राय (तुलुव वंश) विजयनगर के सबसे महान शासक थे। उनके काल में कला, साहित्य और व्यापार का स्वर्ण युग था, जिसका विवरण डोमिंगो पेस जैसे यात्रियों ने दिया है।
\nअन्य विकल्प: हरिहर और बुक्का ने साम्राज्य की स्थापना की थी।\n\n
- शिवाजी महाराज के प्रशासन में ‘अष्टप्रधान’ परिषद का क्या कार्य था?\n
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- (A) केवल सैन्य नेतृत्व करना
- (B) न्याय देना और प्रशासनिक कार्यों में सहायता करना
- (C) केवल धार्मिक मामले देखना
- (D) विदेशी राजदूतों का स्वागत करना
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सही उत्तर: (B) न्याय देना और प्रशासनिक कार्यों में सहायता करना
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विस्तृत व्याख्या: शिवाजी ने शासन चलाने के लिए आठ मंत्रियों की एक परिषद बनाई थी जिसे ‘अष्टप्रधान’ कहा जाता था। इसमें ‘पेशवा’ (मुख्य मंत्री) सबसे महत्वपूर्ण था।
\nअन्य विकल्प: यह परिषद संपूर्ण प्रशासन, वित्त और सैन्य मामलों का समन्वय करती थी।\n\n
- तैमूर लंग ने भारत पर आक्रमण किस सुल्तान के समय किया था?\n
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- (A) फिरोज शाह तुगलक
- (B) मोहम्मद बिन तुगलक
- (C) नसीरुद्दीन महमूद शाह तुगलक
- (D) गयासुद्दीन तुगलक
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सही उत्तर: (C) नसीरुद्दीन महमूद शाह तुगलक
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विस्तृत व्याख्या: 1398 ईस्वी में तैमूर लंग ने तुगलक वंश के अंतिम शासक नसीरुद्दीन महमूद के समय दिल्ली पर आक्रमण किया, जिससे दिल्ली सल्तनत अत्यधिक कमजोर हो गई।
\nअन्य विकल्प: मोहम्मद बिन तुगलक अपनी विवादास्पद योजनाओं के लिए जाना जाता है, न कि तैमूर के आक्रमण के समय के लिए।\n\n
- मुगल काल में ‘मनसबदारी प्रणाली’ की शुरुआत किसने की थी?\n
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- (A) बाबर
- (B) हुमायूँ
- (C) अकबर
- (D) शाहजहाँ
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सही उत्तर: (C) अकबर
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विस्तृत व्याख्या: अकबर ने प्रशासनिक और सैन्य व्यवस्था को व्यवस्थित करने के लिए ‘मनसबदारी’ प्रणाली शुरू की। ‘मनसब’ का अर्थ था पद या रैंक, जो जात और सवार के आधार पर तय होता था।
\nअन्य विकल्प: बाबर ने केवल साम्राज्य की नींव रखी थी, जबकि अकबर ने इसे संस्थागत रूप दिया।\n\n\n
- ‘प्लासी का युद्ध’ (1757) किसके बीच लड़ा गया था?\n
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- (A) रॉबर्ट क्लाइव और सिराजुद्दौला
- (B) हेक्टर मुनरो और मीर कासिम
- (C) लॉर्ड डलहौजी और नाना साहब
- (D) लॉर्ड कॉर्नवालिस और टीपू सुल्तान
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सही उत्तर: (A) रॉबर्ट क्लाइव और सिराजुद्दौला
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विस्तृत व्याख्या: प्लासी का युद्ध 23 जून 1757 को ईस्ट इंडिया कंपनी के रॉबर्ट क्लाइव और बंगाल के नवाब सिराजुद्दौला के बीच हुआ। इस युद्ध ने भारत में ब्रिटिश शासन की नींव रखी।
\nअन्य विकल्प: बक्सर का युद्ध (1764) मीर कासिम के साथ हुआ था।\n\n
- 1857 के विद्रोह का तात्कालिक कारण क्या था?\n
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- (A) डलहौजी की ‘व्यपगत सिद्धांत’ (Doctrine of Lapse)
- (B) चर्बी वाले कारतूसों का प्रयोग
- (C) ईसाई धर्म का प्रचार
- (D) भारी लगान की वसूली
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सही उत्तर: (B) चर्बी वाले कारतूसों का प्रयोग
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विस्तृत व्याख्या: एनफील्ड राइफल के कारतूसों में गाय और सूअर की चर्बी होने की अफवाह ने हिंदू और मुस्लिम सैनिकों के बीच आक्रोश पैदा किया, जो विद्रोह का तात्कालिक कारण बना।
\nअन्य विकल्प: व्यपगत सिद्धांत और भारी लगान विद्रोह के गहरे राजनीतिक और आर्थिक कारण थे, तात्कालिक नहीं।\n\n
- ‘ब्रह्म समाज’ की स्थापना किसने की थी?\n
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- (A) स्वामी दयानंद सरस्वती
- (B) ईश्वरचंद्र विद्यासागर
- (C) राजा राममोहन राय
- (D) ज्योतिबा फुले
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सही उत्तर: (C) राजा राममोहन राय
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विस्तृत व्याख्या: राजा राममोहन राय ने 1828 में ब्रह्म समाज की स्थापना की। उन्होंने सती प्रथा के उन्मूलन और महिला शिक्षा पर जोर दिया।
\nअन्य विकल्प: स्वामी दयानंद सरस्वती ने ‘आर्य समाज’ की स्थापना की थी और ज्योतिबा फुले ने ‘सत्यशोधक समाज’ की।\n\n
- भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) के प्रथम अध्यक्ष कौन थे?\n
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- (A) ए.ओ. ह्यूम
- (B) व्योमेश चंद्र बनर्जी
- (C) दादाभाई नौरोजी
- (D) बदरुद्दीन तैयबजी
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सही उत्तर: (B) व्योमेश चंद्र बनर्जी
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विस्तृत व्याख्या: 1885 में बम्बई के गोकुलदास तेजपाल संस्कृत कॉलेज में हुई कांग्रेस की पहली बैठक की अध्यक्षता व्योमेश चंद्र बनर्जी ने की थी।
\nअन्य विकल्प: ए.ओ. ह्यूम कांग्रेस के संस्थापक/संयोजक थे, न कि अध्यक्ष।\n\n
- ‘स्वदेशी आंदोलन’ की शुरुआत किस घटना के विरोध में हुई थी?\n
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- (A) रौलेट एक्ट
- (B) जलियांवाला बाग हत्याकांड
- (C) बंगाल का विभाजन (1905)
- (D) साइमन कमीशन का आगमन
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सही उत्तर: (C) बंगाल का विभाजन (1905)
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विस्तृत व्याख्या: लॉर्ड कर्जन द्वारा 1905 में बंगाल के विभाजन के विरोध में स्वदेशी आंदोलन शुरू हुआ, जिसका उद्देश्य विदेशी वस्तुओं का बहिष्कार और भारतीय उद्योगों को बढ़ावा देना था।
\nअन्य विकल्प: रौलेट एक्ट और जलियांवाला बाग की घटनाएं 1919 की हैं।\n\n
- गांधीजी ने ‘चंपारण सत्याग्रह’ (1917) किसके समर्थन में शुरू किया था?\n
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- (A) मिल मजदूरों के लिए
- (B) तिनकठिया प्रणाली के तहत नील किसानों के लिए
- (C) नमक कर के विरोध में
- (D) भूमि कर कम करने के लिए
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सही उत्तर: (B) तिनकठिया प्रणाली के तहत नील किसानों के लिए
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विस्तृत व्याख्या: चंपारण सत्याग्रह गांधीजी का भारत में पहला सफल सत्याग्रह था, जहाँ उन्होंने किसानों को जबरन नील (Indigo) उगाने की ‘तिनकठिया’ प्रणाली से मुक्ति दिलाई।
\nअन्य विकल्प: नमक सत्याग्रह 1930 में हुआ था।\n\n
- ‘करो या मरो’ (Do or Die) का नारा गांधीजी ने किस आंदोलन के दौरान दिया था?\n
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- (A) असहयोग आंदोलन
- (B) सविनय अवज्ञा आंदोलन
- (C) भारत छोड़ो आंदोलन
- (D) चंपारण सत्याग्रह
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सही उत्तर: (C) भारत छोड़ो आंदोलन
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विस्तृत व्याख्या: 8 अगस्त 1942 को भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान गांधीजी ने भारतीयों को ‘करो या मरो’ का मंत्र दिया, जिसका उद्देश्य पूर्ण स्वतंत्रता प्राप्त करना था।
\nअन्य विकल्प: असहयोग आंदोलन (1920) में अहिंसक विरोध पर जोर था, लेकिन यह नारा वहाँ नहीं दिया गया था।\n\n
- 1935 के भारत सरकार अधिनियम (Government of India Act) की मुख्य विशेषता क्या थी?\n
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- (A) द्वैध शासन (Dyarchy) का प्रांतों से हटाकर केंद्र में लागू होना
- (B) पूर्ण स्वराज की घोषणा
- (C) पृथक निर्वाचक मंडल का अंत
- (D) केवल एक सदन वाली विधायिका
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सही उत्तर: (A) द्वैध शासन का प्रांतों से हटाकर केंद्र में लागू होना
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विस्तृत व्याख्या: 1935 के अधिनियम ने प्रांतों में द्वैध शासन समाप्त कर ‘प्रांतीय स्वायत्तता’ दी और केंद्र में द्वैध शासन लागू किया। इसी अधिनियम से फेडरल कोर्ट की स्थापना भी हुई।
\nअन्य विकल्प: पूर्ण स्वराज की घोषणा 1929 के लाहौर अधिवेशन में हुई थी।\n\n
- आजाद हिंद फौज (INA) की कमान सुभाष चंद्र बोस ने कब संभाली थी?\n
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- (A) 1940
- (B) 1942
- (C) 1943
- (D) 1945
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सही उत्तर: (C) 1943
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विस्तृत व्याख्या: रासबिहारी बोस ने INA की स्थापना की थी, लेकिन 1943 में जब सुभाष चंद्र बोस सिंगापुर पहुंचे, तो उन्होंने इसकी कमान संभाली और इसे पुनर्गठित किया।
\nअन्य विकल्प: INA की प्रारंभिक अवधारणा 1942 में आई थी, लेकिन नेतृत्व 1943 में मिला।\n\n
- ‘इंकलाब जिंदाबाद’ का नारा सबसे पहले किसने दिया था?\n
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- (A) सुभाष चंद्र बोस
- (B) भगत सिंह
- (C) हसरत मोहानी
- (D) चन्द्रशेखर आजाद
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सही उत्तर: (C) हसरत मोहानी
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विस्तृत व्याख्या: यह नारा मूल रूप से उर्दू कवि हसरत मोहानी ने लिखा था, लेकिन इसे लोकप्रिय भगत सिंह और उनके साथियों ने बनाया।
\nअन्य विकल्प: भगत सिंह ने इसे प्रसिद्ध किया, लेकिन रचना मोहानी की थी।\n\n\n
- फ्रांसीसी क्रांति (1789) का मुख्य नारा क्या था?\n
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- (A) शांति, प्रेम और भाईचारा
- (B) स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व (Liberty, Equality, Fraternity)
- (C) न्याय, अधिकार और स्वतंत्रता
- (D) लोकतंत्र, धर्मनिरपेक्षता और न्याय
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सही उत्तर: (B) स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व
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विस्तृत व्याख्या: फ्रांसीसी क्रांति ने दुनिया को ‘स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व’ के विचार दिए, जिसने आधुनिक लोकतंत्रों के लिए आधार तैयार किया।
\nअन्य विकल्प: ये विकल्प सामान्य लोकतांत्रिक मूल्य हैं, लेकिन क्रांति का विशिष्ट नारा विकल्प (B) था।\n\n
- औद्योगिक क्रांति की शुरुआत सबसे पहले किस देश में हुई थी?\n
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- (A) फ्रांस
- (B) जर्मनी
- (C) अमेरिका
- (D) इंग्लैंड
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सही उत्तर: (D) इंग्लैंड
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विस्तृत व्याख्या: 18वीं शताब्दी के उत्तरार्ध में इंग्लैंड में औद्योगिक क्रांति शुरू हुई। कोयला, लोहा और भाप इंजन (जेम्स वाट) ने उत्पादन के तरीकों को बदल दिया।
\nअन्य विकल्प: फ्रांस और जर्मनी में यह बाद में पहुंची।\n\n
- प्रथम विश्व युद्ध (1914-1918) का तात्कालिक कारण क्या था?\n
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- (A) वर्साय की संधि
- (B) ऑस्ट्रिया के आर्कड्यूक फ्रांसिफ़र्ड की हत्या
- (C) जर्मनी का पोलैंड पर आक्रमण
- (D) रूसी क्रांति
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सही उत्तर: (B) ऑस्ट्रिया के आर्कड्यूक फ्रांसिफ़र्ड की हत्या
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विस्तृत व्याख्या: जून 1914 में साराजेवो में ऑस्ट्रिया-हंगेरियन साम्राज्य के उत्तराधिकारी आर्कड्यूक फ्रांसिफ़र्ड की हत्या ने प्रथम विश्व युद्ध की चिंगारी सुलगाई।
\nअन्य विकल्प: वर्साय की संधि युद्ध के समाप्त होने के बाद हुई थी, जबकि जर्मनी का पोलैंड पर आक्रमण द्वितीय विश्व युद्ध का कारण था।\n\n
- रूसी क्रांति (1917) का नेतृत्व किसने किया था?\n
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- (A) जोसेफ स्टालिन
- (B) व्लादिमीर लेनिन
- (C) कार्ल मार्क्स
- (D) लियोन ट्रॉट्स्की
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सही उत्तर: (B) व्लादिमीर लेनिन
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विस्तृत व्याख्या: 1917 की अक्टूबर क्रांति का नेतृत्व व्लादिमीर लेनिन और उनकी बोल्शेविक पार्टी ने किया, जिससे दुनिया के पहले समाजवादी राज्य (USSR) का जन्म हुआ।
\nअन्य विकल्प: कार्ल मार्क्स ने साम्यवाद का सिद्धांत दिया था, लेकिन क्रांति के समय वे जीवित नहीं थे।\n\n
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