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समाजशास्त्र की वैचारिक गहराई: अपनी तैयारी को दें एक नई दिशा

स्वागत है समाजशास्त्र के सभी समर्पित उम्मीदवारों का! आज का यह अभ्यास सेट आपकी विश्लेषणात्मक क्षमता और सैद्धांतिक समझ को परखने के लिए डिज़ाइन किया गया है। आइए, जटिल अवधारणाओं और समकालीन सामाजिक बदलावों के माध्यम से अपनी तैयारी को और अधिक सशक्त बनाएं। यह क्विज़ आपको न केवल तथ्यों को याद करने में मदद करेगा, बल्कि समाजशास्त्रीय परिप्रेक्ष्य से सोचने के लिए भी प्रेरित करेगा।


  1. कार्ल मार्क्स के अनुसार ‘अलगाव’ (Alienation) की स्थिति में श्रमिक सबसे पहले किससे अलग होता है?
    • (A) समाज से
    • (B) अपने साथी श्रमिकों से
    • (C) अपने द्वारा उत्पादित वस्तु से
    • (D) स्वयं के मानवीय स्वभाव से

    सही उत्तर: (C) अपने द्वारा उत्पादित वस्तु से

    विस्तृत व्याख्या: मार्क्स के अनुसार, पूंजीवादी उत्पादन प्रणाली में श्रमिक उस वस्तु पर नियंत्रण खो देता है जिसे वह बनाता है। यह ‘उत्पाद से अलगाव’ है। इसके बाद वह उत्पादन की प्रक्रिया, अपने साथी श्रमिकों और अंततः अपने ‘प्रजाति-होने’ (Species-being) या मानवीय स्वभाव से अलग हो जाता है। यह अवधारणा उनकी पुस्तक ‘Economic and Philosophic Manuscripts of 1844’ में विस्तृत है।

  2. मैक्स वेबर द्वारा प्रतिपादित ‘आदर्श प्रारूप’ (Ideal Type) क्या है?
    • (A) एक नैतिक मानक जिसे समाज को अपनाना चाहिए
    • (B) एक विश्लेषणात्मक उपकरण जो वास्तविकता के प्रमुख गुणों को उभारता है
    • (C) एक काल्पनिक समाज जहाँ कोई संघर्ष नहीं होता
    • (D) एक सांख्यिकीय औसत जो जनसंख्या का प्रतिनिधित्व करता है

    सही उत्तर: (B) एक विश्लेषणात्मक उपकरण जो वास्तविकता के प्रमुख गुणों को उभारता है

    विस्तृत व्याख्या: वेबर का ‘आदर्श प्रारूप’ कोई ‘आदर्श’ या ‘परफेक्ट’ स्थिति नहीं है, बल्कि एक मानसिक निर्माण है जिसका उपयोग सामाजिक घटनाओं की तुलना और विश्लेषण के लिए एक पैमाने (Benchmark) के रूप में किया जाता है। यह वास्तविकता का सरलीकरण है ताकि जटिल सामाजिक क्रियाओं को समझा जा सके।

  3. एमिल दुर्खीम के अनुसार, ‘यांत्रिक एकजुटता’ (Mechanical Solidarity) की मुख्य विशेषता क्या है?
    • (A) श्रम विभाजन की उच्च डिग्री
    • (B) परस्पर निर्भरता और विशिष्टीकरण
    • (C) समान विश्वास, मूल्य और सामूहिक चेतना
    • (D) व्यक्तिगत भिन्नताओं का सम्मान

    सही उत्तर: (C) समान विश्वास, मूल्य और सामूहिक चेतना

    विस्तृत व्याख्या: दुर्खीम ने ‘The Division of Labour in Society’ में बताया कि आदिम समाजों में लोग एक जैसे काम करते थे और उनके मूल्य समान होते थे, जिसे यांत्रिक एकजुटता कहा जाता है। इसके विपरीत, आधुनिक समाजों में ‘सावयवी एकजुटता’ (Organic Solidarity) होती है, जो श्रम विभाजन और परस्पर निर्भरता पर आधारित होती है।

  4. समकालीन चर्चाओं में ‘गिग इकोनॉमी’ (Gig Economy) का समाजशास्त्रीय निहितार्थ क्या है?
    • (A) स्थायी रोजगार में वृद्धि
    • (B) श्रम अधिकारों का सुदृढ़ीकरण
    • (C) रोजगार का अनिश्चितीकरण और ‘प्रिकेरिएट’ (Precariat) वर्ग का उदय
    • (D) पारंपरिक नौकरशाही का विस्तार

    सही उत्तर: (C) रोजगार का अनिश्चितीकरण और ‘प्रिकेरिएट’ (Precariat) वर्ग का उदय

    विस्तृत व्याख्या: गिग इकोनॉमी में अनुबंध-आधारित या फ्रीलांस काम की प्रधानता होती है। समाजशास्त्रीय दृष्टि से, यह श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा और स्थायी लाभों से वंचित करता है, जिससे एक ऐसा वर्ग पैदा होता है जिसे गाइ स्टैंडिंग ने ‘प्रिकेरिएट’ (असुरक्षित सर्वहारा) कहा है। यह आधुनिक श्रम बाजार की अस्थिरता को दर्शाता है।

  5. AI-आधारित भर्ती उपकरणों (AI-driven hiring tools) में ‘पूर्वाग्रह’ (Bias) का होना किस समाजशास्त्रीय अवधारणा को पुष्ट करता है?
    • (A) डिजिटल समावेशन
    • (B) संरचनात्मक असमानता का पुनरुत्पादन (Reproduction of Structural Inequality)
    • (C) तकनीकी तटस्थता
    • (D) योग्यता आधारित समाज (Meritocracy)

    सही उत्तर: (B) संरचनात्मक असमानता का पुनरुत्पादन (Reproduction of Structural Inequality)

    विस्तृत व्याख्या: जब AI टूल्स पुराने डेटा (जो पहले से ही पक्षपाती था) पर प्रशिक्षित होते हैं, तो वे अनजाने में जाति, लिंग या नस्ल के आधार पर भेदभाव को जारी रखते हैं। यह दर्शाता है कि तकनीक तटस्थ नहीं होती, बल्कि समाज की मौजूदा संरचनात्मक असमानताओं को डिजिटल रूप में दोहराती है।

  6. टैलकॉट पार्सन्स के AGIL मॉडल में ‘L’ (Latency) का क्या अर्थ है?
    • (A) अनुकूलन (Adaptation)
    • (B) लक्ष्य प्राप्ति (Goal Attainment)
    • (C) एकीकरण (Integration)
    • (D) पैटर्न अनुरक्षण (Pattern Maintenance)

    सही उत्तर: (D) पैटर्न अनुरक्षण (Pattern Maintenance)

    विस्तृत व्याख्या: पार्सन्स के अनुसार, किसी भी सामाजिक प्रणाली को जीवित रहने के लिए चार कार्य करने होते हैं: Adaptation (अर्थव्यवस्था), Goal Attainment (राजनीति), Integration (कानून/धर्म), और Latency (परिवार/शिक्षा)। Latency का अर्थ है सांस्कृतिक मूल्यों को बनाए रखना और तनाव को प्रबंधित करना।

  7. रॉबर्ट के. मर्टन के ‘प्रच्छन्न कार्य’ (Latent Functions) से क्या तात्पर्य है?
    • (A) वे कार्य जो जानबूझकर किए जाते हैं
    • (B) वे कार्य जो अपेक्षित और मान्यता प्राप्त होते हैं
    • (C) वे अनपेक्षित और अनजाने परिणाम जो किसी सामाजिक गतिविधि से निकलते हैं
    • (D) वे कार्य जो समाज में पूरी तरह से प्रतिबंधित होते हैं

    सही उत्तर: (C) वे अनपेक्षित और अनजाने परिणाम जो किसी सामाजिक गतिविधि से निकलते हैं

    विस्तृत व्याख्या: मर्टन ने कार्यों को दो भागों में बांटा: ‘प्रकट कार्य’ (Manifest functions) जो स्पष्ट और इच्छित होते हैं, और ‘प्रच्छन्न कार्य’ (Latent functions) जो अनजाने में होते हैं। उदाहरण के लिए, शिक्षा का प्रकट कार्य ज्ञान देना है, लेकिन इसका प्रच्छन्न कार्य सामाजिक नेटवर्क बनाना या विवाह के अवसर प्रदान करना हो सकता है।

  8. जॉर्ज हरबर्ट मीड के अनुसार ‘मैं’ (I) और ‘मुझे’ (Me) में क्या अंतर है?
    • (A) ‘मैं’ सामाजिक अपेक्षाएं है और ‘मुझे’ व्यक्तिगत इच्छा है
    • (B) ‘मैं’ व्यक्ति का रचनात्मक और स्वतःस्फूर्त पक्ष है, जबकि ‘मुझे’ समाज का आंतरिक रूप है
    • (C) दोनों एक ही हैं और इनमें कोई अंतर नहीं है
    • (D) ‘मैं’ केवल बचपन में होता है और ‘मुझे’ वयस्क होने पर आता है

    सही उत्तर: (B) ‘मैं’ व्यक्ति का रचनात्मक और स्वतःस्फूर्त पक्ष है, जबकि ‘मुझे’ समाज का आंतरिक रूप है

    विस्तृत व्याख्या: प्रतीकात्मक अंतःक्रियावाद (Symbolic Interactionism) के तहत मीड ने बताया कि ‘Me’ वह हिस्सा है जो समाज के मानदंडों और अपेक्षाओं को आत्मसात करता है, जबकि ‘I’ वह प्रतिक्रिया है जो व्यक्ति ‘Me’ के प्रति देता है। व्यक्तित्व इन दोनों के बीच के संवाद का परिणाम है।

  9. सामाजिक स्तरीकरण (Social Stratification) के संदर्भ में ‘बंद स्तरीकरण’ (Closed Stratification) का उदाहरण कौन सा है?
    • (A) वर्ग प्रणाली (Class System)
    • (B) जाति प्रणाली (Caste System)
    • (C) व्यावसायिक स्तर
    • (D) आय आधारित विभाजन

    सही उत्तर: (B) जाति प्रणाली (Caste System)

    विस्तृत व्याख्या: बंद स्तरीकरण वह प्रणाली है जहाँ व्यक्ति की सामाजिक स्थिति जन्म से निर्धारित होती है और इसमें गतिशीलता (Mobility) लगभग असंभव होती है। जाति इसका सटीक उदाहरण है। इसके विपरीत, वर्ग प्रणाली ‘खुली’ होती है क्योंकि यहाँ शिक्षा और धन के माध्यम से स्थिति बदली जा सकती है।

  10. ‘एनोमी’ (Anomie) की अवधारणा का सर्वप्रथम प्रयोग किसने किया था और इसका अर्थ क्या है?
    • (A) मैक्स वेबर; सामाजिक अनुशासन
    • (B) एमिल दुर्खीम; मानदंडों की शून्यता या अराजकता
    • (C) कार्ल मार्क्स; वर्ग संघर्ष
    • (D) हर्बर्ट स्पेंसर; सामाजिक विकास

    सही उत्तर: (B) एमिल दुर्खीम; मानदंडों की शून्यता या अराजकता

    विस्तृत व्याख्या: दुर्खीम ने ‘Anomie’ शब्द का प्रयोग उस स्थिति के लिए किया जब समाज में तेजी से बदलाव आते हैं और पुराने मानदंड काम करना बंद कर देते हैं, लेकिन नए मानदंड अभी स्थापित नहीं हुए होते। यह व्यक्ति में दिशाहीनता और मानसिक तनाव पैदा करता है।

  11. ‘डिजिटल डिवाइड’ (Digital Divide) का समाजशास्त्रीय प्रभाव क्या है?
    • (A) केवल तकनीकी ज्ञान की कमी
    • (B) सूचना और संसाधनों तक पहुंच के आधार पर नई सामाजिक असमानता
    • (C) इंटरनेट के उपयोग से गरीबी का पूर्ण उन्मूलन
    • (D) केवल शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के बीच भौतिक दूरी

    सही उत्तर: (B) सूचना और संसाधनों तक पहुंच के आधार पर नई सामाजिक असमानता

    विस्तृत व्याख्या: डिजिटल डिवाइड केवल कंप्यूटर या इंटरनेट की उपलब्धता नहीं है, बल्कि यह ज्ञान, कौशल और अवसर की असमानता है। यह मौजूदा वर्ग, जाति और लैंगिक असमानताओं को और गहरा करता है, जिसे ‘डिजिटल स्तरीकरण’ भी कहा जा सकता है।

  12. पर्यावरण समाजशास्त्र (Environmental Sociology) में ‘जलवायु न्याय’ (Climate Justice) का मुख्य तर्क क्या है?
    • (A) केवल प्रकृति का संरक्षण करना
    • (B) यह कि जलवायु परिवर्तन का सबसे अधिक प्रभाव उन गरीब समुदायों पर पड़ता है जिन्होंने इसमें सबसे कम योगदान दिया है
    • (C) पर्यावरण के लिए केवल तकनीकी समाधान खोजना
    • (D) औद्योगिक विकास को पूरी तरह से रोकना

    सही उत्तर: (B) यह कि जलवायु परिवर्तन का सबसे अधिक प्रभाव उन गरीब समुदायों पर पड़ता है जिन्होंने इसमें सबसे कम योगदान दिया है

    विस्तृत व्याख्या: जलवायु न्याय यह मानता है कि पर्यावरणीय संकट एक सामाजिक और राजनीतिक मुद्दा है। वैश्विक उत्तर (विकसित देश) प्रदूषण के लिए जिम्मेदार हैं, लेकिन उसका खामियाजा वैश्विक दक्षिण (विकासशील देश) और हाशिए के लोग भुगत रहे हैं। यह ‘पर्यावरणीय नस्लवाद’ (Environmental Racism) से भी जुड़ा है।

  13. नृवंशविज्ञान (Ethnography) अनुसंधान विधि की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता क्या है?
    • (A) बड़े पैमाने पर सर्वेक्षण करना
    • (B) नियंत्रित प्रयोगशाला प्रयोग
    • (C) गहन अवलोकन और प्रतिभागियों के साथ लंबे समय तक रहना (Participant Observation)
    • (D) केवल सांख्यिकीय डेटा का विश्लेषण

    सही उत्तर: (C) गहन अवलोकन और प्रतिभागियों के साथ लंबे समय तक रहना (Participant Observation)

    विस्तृत व्याख्या: नृवंशविज्ञान एक गुणात्मक (Qualitative) विधि है जिसमें शोधकर्ता उस संस्कृति या समूह के भीतर रहकर उनके जीवन को उनकी दृष्टि से समझने का प्रयास करता है। यह ‘इमिक’ (Emic) परिप्रेक्ष्य प्रदान करता है।

  14. अनुसंधान में ‘विश्वसनीयता’ (Reliability) और ‘वैधता’ (Validity) के बीच क्या अंतर है?
    • (A) विश्वसनीयता का अर्थ है सटीकता और वैधता का अर्थ है स्थिरता
    • (B) विश्वसनीयता का अर्थ है परिणामों की निरंतरता (Consistency) और वैधता का अर्थ है कि क्या उपकरण वास्तव में वही माप रहा है जिसे मापने का दावा है
    • (C) दोनों एक ही बात हैं
    • (D) वैधता केवल मात्रात्मक अनुसंधान में होती है और विश्वसनीयता केवल गुणात्मक में

    सही उत्तर: (B) विश्वसनीयता का अर्थ है परिणामों की निरंतरता (Consistency) और वैधता का अर्थ है कि क्या उपकरण वास्तव में वही माप रहा है जिसे मापने का दावा है

    विस्तृत व्याख्या: यदि एक ही परीक्षण को बार-बार करने पर समान परिणाम मिलें, तो वह ‘विश्वसनीय’ है। लेकिन यदि वह परीक्षण वास्तव में सही चीज को माप रहा है (जैसे बुद्धि मापने वाला टेस्ट वास्तव में बुद्धि ही मापे, न कि याददाश्त), तो वह ‘वैध’ है।

  15. केस स्टडी (Case Study) विधि का उपयोग कब सबसे अधिक प्रभावी होता है?
    • (A) जब पूरी जनसंख्या का सामान्यीकरण करना हो
    • (B) जब किसी विशिष्ट इकाई, घटना या व्यक्ति का गहन और विस्तृत विश्लेषण करना हो
    • (C) जब बहुत कम समय में डेटा एकत्र करना हो
    • (D) जब केवल संख्यात्मक डेटा की आवश्यकता हो

    सही उत्तर: (B) जब किसी विशिष्ट इकाई, घटना या व्यक्ति का गहन और विस्तृत विश्लेषण करना हो

    विस्तृत व्याख्या: केस स्टडी एक गहन अन्वेषणात्मक विधि है। यह ‘क्या’ और ‘कैसे’ जैसे प्रश्नों के उत्तर खोजने के लिए उपयोगी है, जहाँ मात्रात्मक डेटा पर्याप्त विवरण नहीं दे पाता।

  16. एम. एन. श्रीनिवास द्वारा प्रतिपादित ‘संस्कृतिकरण’ (Sanskritization) की प्रक्रिया क्या है?
    • (A) निचली जातियों द्वारा अपनी संस्कृति को पूरी तरह त्याग देना
    • (B) उच्च जातियों द्वारा निचली जातियों को अपनी संस्कृति सिखाना
    • (C) निम्न जातियों द्वारा उच्च जातियों के रीति-रिवाजों, विचारधारा और जीवनशैली को अपनाकर अपनी सामाजिक स्थिति ऊपर उठाने का प्रयास करना
    • (D) केवल संस्कृत भाषा का अध्ययन करना

    सही उत्तर: (C) निम्न जातियों द्वारा उच्च जातियों के रीति-रिवाजों, विचारधारा और जीवनशैली को अपनाकर अपनी सामाजिक स्थिति ऊपर उठाने का प्रयास करना

    विस्तृत व्याख्या: श्रीनिवास ने अपनी पुस्तक ‘Religion and Society among the Coorgs of South India’ में बताया कि यह एक प्रकार की ‘पोजिशनल शिफ्ट’ (Positional Shift) है, न कि ‘स्ट्रक्चरल शिफ्ट’। व्यक्ति अपनी जाति नहीं बदलता, लेकिन जाति के भीतर अपनी स्थिति सुधारने का प्रयास करता है।

  17. लुई ड्यूमों (Louis Dumont) ने भारतीय जाति व्यवस्था को किस रूप में परिभाषित किया है?
    • (A) वर्ग संघर्ष के रूप में
    • (B) शुद्धता और अशुद्धता (Purity and Pollution) के पदानुक्रम के रूप में
    • (C) केवल आर्थिक विभाजन के रूप में
    • (D) एक लचीली सामाजिक व्यवस्था के रूप में

    सही उत्तर: (B) शुद्धता और अशुद्धता (Purity and Pollution) के पदानुक्रम के रूप में

    विस्तृत व्याख्या: ड्यूमों ने अपनी पुस्तक ‘Homo Hierarchicus’ में तर्क दिया कि जाति व्यवस्था का मूल आधार ‘पदानुक्रम’ (Hierarchy) है, जो शुद्धता और अशुद्धता के धार्मिक और वैचारिक सिद्धांतों पर टिका है। यह पश्चिमी समानता के विचार से बिल्कुल अलग है।

  18. भारतीय समाज में ‘जाजमानी प्रथा’ (Jajmani System) का मुख्य आधार क्या था?
    • (A) केवल नकद लेनदेन
    • (B) जाति-आधारित पारस्परिक सेवा और वस्तु विनिमय (Reciprocity)
    • (C) सरकारी अनुबंध
    • (D) शहरी औद्योगिक संबंध

    सही उत्तर: (B) जाति-आधारित पारस्परिक सेवा और वस्तु विनिमय (Reciprocity)

    विस्तृत व्याख्या: जाजमानी प्रथा ग्रामीण भारत की एक पारंपरिक व्यवस्था थी जहाँ सेवा प्रदाता जातियाँ (जैसे नाई, लोहार) उच्च जातियों (जजमान) को सेवाएं देती थीं और बदले में उन्हें अनाज या भूमि का हिस्सा मिलता था। यह सामाजिक निर्भरता का एक रूप था।

  19. ‘शहरी समाजशास्त्र’ के संदर्भ में ‘शिकागो स्कूल’ (Chicago School) का मुख्य योगदान क्या है?
    • (A) केवल शहरी नियोजन पर जोर देना
    • (B) शहर को एक ‘सामाजिक प्रयोगशाला’ के रूप में देखना और पारिस्थितिक मॉडल (Ecological Model) का विकास करना
    • (C) शहरी गरीबी को पूरी तरह नकारना
    • (D) केवल ग्रामीण-शहरी प्रवास का विरोध करना

    सही उत्तर: (B) शहर को एक ‘सामाजिक प्रयोगशाला’ के रूप में देखना और पारिस्थितिक मॉडल (Ecological Model) का विकास करना

    विस्तृत व्याख्या: रॉबर्ट पार्क और अर्नेस्ट बर्गेस जैसे विद्वानों ने बताया कि शहर केवल इमारतों का समूह नहीं हैं, बल्कि उनमें सामाजिक अंतःक्रियाएं और स्थानिक वितरण (Spatial Distribution) एक निश्चित पैटर्न का पालन करते हैं (जैसे Concentric Zone Model)।

  20. जनजातीय समुदायों के संदर्भ में ‘एकीकरण’ (Integration) और ‘आत्मसात’ (Assimilation) में क्या अंतर है?
    • (A) दोनों एक ही प्रक्रिया हैं
    • (B) एकीकरण में अपनी पहचान बनाए रखते हुए मुख्यधारा से जुड़ना होता है, जबकि आत्मसात में अपनी विशिष्ट सांस्कृतिक पहचान खोकर बहुसंख्यक संस्कृति में विलीन हो जाना होता है
    • (C) आत्मसात सकारात्मक है और एकीकरण नकारात्मक
    • (D) एकीकरण केवल आर्थिक होता है और आत्मसात केवल धार्मिक

    सही उत्तर: (B) एकीकरण में अपनी पहचान बनाए रखते हुए मुख्यधारा से जुड़ना होता है, जबकि आत्मसात में अपनी विशिष्ट सांस्कृतिक पहचान खोकर बहुसंख्यक संस्कृति में विलीन हो जाना होता है

    विस्तृत व्याख्या: समाजशास्त्रीय रूप से ‘Assimilation’ एक दबावपूर्ण प्रक्रिया हो सकती है जहाँ अल्पसंख्यक अपनी संस्कृति छोड़ देते हैं। जबकि ‘Integration’ एक बहुलवादी दृष्टिकोण है जहाँ विविधता का सम्मान किया जाता है।

  21. मैक्स वेबर के अनुसार ‘सत्ता’ (Authority) के तीन प्रकार कौन से हैं?
    • (A) आर्थिक, राजनीतिक और सामाजिक सत्ता
    • (B) पारंपरिक, करिश्माई और कानूनी-तर्कसंगत सत्ता
    • (C) आंतरिक, बाहरी और औपचारिक सत्ता
    • (D) लोकतांत्रिक, तानाशाही और कुलीन सत्ता

    सही उत्तर: (B) पारंपरिक, करिश्माई और कानूनी-तर्कसंगत सत्ता

    विस्तृत व्याख्या: वेबर ने बताया कि सत्ता वह शक्ति है जिसे वैध (Legitimate) माना जाता है। पारंपरिक सत्ता रीति-रिवाजों पर आधारित होती है, करिश्माई सत्ता व्यक्ति के असाधारण व्यक्तित्व पर, और कानूनी-तर्कसंगत सत्ता लिखित नियमों और कानूनों पर आधारित होती है।

  22. परिवार के संदर्भ में ‘पितृसत्ता’ (Patriarchy) का समाजशास्त्रीय अर्थ क्या है?
    • (A) केवल पिता का परिवार का मुखिया होना
    • (B) एक ऐसी सामाजिक प्रणाली जिसमें पुरुषों के पास प्राथमिक शक्ति होती है और वे राजनीतिक नेतृत्व, नैतिक अधिकार और संपत्ति के नियंत्रण पर प्रभुत्व रखते हैं
    • (C) परिवार में पुरुषों और महिलाओं की समान भागीदारी
    • (D) केवल संपत्ति का उत्तराधिकार कानून

    सही उत्तर: (B) एक ऐसी सामाजिक प्रणाली जिसमें पुरुषों के पास प्राथमिक शक्ति होती है और वे राजनीतिक नेतृत्व, नैतिक अधिकार और संपत्ति के नियंत्रण पर प्रभुत्व रखते हैं

    विस्तृत व्याख्या: पितृसत्ता केवल एक पारिवारिक संरचना नहीं, बल्कि एक व्यापक सामाजिक संरचना है जो लैंगिक असमानता को संस्थागत बनाती है। यह शक्ति संबंधों का एक ऐसा ढांचा है जो महिलाओं को अधीनस्थ स्थिति में रखता है।

  23. धर्म के समाजशास्त्र में ‘पवित्र’ (Sacred) और ‘अपवित्र’ (Profane) का अंतर किसने दिया?
    • (A) मैक्स वेबर
    • (B) एमिल दुर्खीम
    • (C) कार्ल मार्क्स
    • (D) ऑगस्ट कॉम्टे

    सही उत्तर: (B) एमिल दुर्खीम

    विस्तृत व्याख्या: दुर्खीम ने ‘The Elementary Forms of the Religious Life’ में कहा कि धर्म का आधार वस्तुओं का वर्गीकरण है। ‘पवित्र’ वे चीजें हैं जिन्हें समाज अलग रखता है और सम्मान देता है, जबकि ‘अपवित्र’ वे सामान्य, दैनिक जीवन की चीजें हैं।

  24. ‘प्रतीकात्मक अंतःक्रियावाद’ (Symbolic Interactionism) का मुख्य केंद्र क्या है?
    • (A) व्यापक सामाजिक संरचनाएं और कानून
    • (B) सूक्ष्म स्तर पर व्यक्तियों के बीच साझा अर्थों और प्रतीकों का आदान-प्रदान
    • (C) केवल आर्थिक उत्पादन के साधन
    • (D) जैविक विकास की प्रक्रिया

    सही उत्तर: (B) सूक्ष्म स्तर पर व्यक्तियों के बीच साझा अर्थों और प्रतीकों का आदान-प्रदान

    विस्तृत व्याख्या: यह एक माइक्रो-सोशियोलॉजी दृष्टिकोण है। यह मानता है कि समाज स्थिर नहीं है, बल्कि यह निरंतर होने वाली अंतःक्रियाओं और उन प्रतीकों (भाषा, संकेत) के माध्यम से निर्मित होता है जिन्हें लोग साझा करते हैं। हर्बर्ट ब्लूमर इसके प्रमुख प्रणेता थे।

  25. शिक्षा का ‘प्रच्छन्न पाठ्यक्रम’ (Hidden Curriculum) क्या है?
    • (A) वह पाठ्यक्रम जो आधिकारिक तौर पर किताबों में लिखा है
    • (B) वह पाठ जो शिक्षक गुप्त रूप से पढ़ाते हैं
    • (C) वे अनकहे मूल्य, व्यवहार और मानदंड जो छात्र स्कूल के वातावरण और सामाजिक अंतःक्रियाओं से सीखते हैं
    • (D) केवल खेलकूद और अतिरिक्त गतिविधियां

    सही उत्तर: (C) वे अनकहे मूल्य, व्यवहार और मानदंड जो छात्र स्कूल के वातावरण और सामाजिक अंतःक्रियाओं से सीखते हैं

    विस्तृत व्याख्या: हिडन करिकुलम में अनुशासन, आज्ञाकारिता और समय की पाबंदी जैसे गुण शामिल होते हैं, जो आधिकारिक पाठ्यक्रम का हिस्सा नहीं होते लेकिन छात्रों के व्यक्तित्व और सामाजिकरण को गहराई से प्रभावित करते हैं।

  26. सोशल नेटवर्क का मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव (जैसा कि हालिया शोधों में देखा गया है), समाजशास्त्र के किस क्षेत्र के अंतर्गत आता है?
    • (A) केवल चिकित्सा समाजशास्त्र (Medical Sociology)
    • (B) डिजिटल समाजशास्त्र (Digital Sociology) और स्वास्थ्य समाजशास्त्र का अंतर्संबंध
    • (C) केवल ग्रामीण समाजशास्त्र
    • (D) केवल राजनीतिक समाजशास्त्र

    सही उत्तर: (B) डिजिटल समाजशास्त्र (Digital Sociology) और स्वास्थ्य समाजशास्त्र का अंतर्संबंध

    विस्तृत व्याख्या: ऑनलाइन नेटवर्क कैसे सामाजिक पूंजी (Social Capital) बनाते हैं या कैसे वे तुलनात्मक तनाव और अलगाव (Isolation) पैदा करते हैं, यह अध्ययन डिजिटल समाजशास्त्र का हिस्सा है। यह दर्शाता है कि तकनीक केवल एक उपकरण नहीं है, बल्कि यह हमारे सामाजिक संबंधों और मानसिक स्थिति को पुनर्परिभाषित कर रही है।

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