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भारतीय राजव्यवस्था क्विज़: संविधान विशेषज्ञ की चुनौती

भारतीय राजव्यवस्था क्विज़: संविधान विशेषज्ञ की चुनौती

भारत का संविधान केवल एक कानूनी दस्तावेज नहीं, बल्कि हमारे जीवंत लोकतंत्र की आधारशिला है। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए, संवैधानिक प्रावधानों, मौलिक अधिकारों, शासन संरचनाओं और महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णयों की गहरी समझ होना अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह दैनिक अभ्यास सेट आपको भारतीय राजव्यवस्था के विभिन्न पहलुओं पर अपनी वैचारिक स्पष्टता और ज्ञान का परीक्षण करने की चुनौती देता है। आइए देखें कि आप संविधान विशेषज्ञ के सामने कितना अच्छा प्रदर्शन करते हैं!


  1. भारत के संविधान की प्रस्तावना में किस प्रकार के न्याय का उल्लेख नहीं किया गया है?

    (A) सामाजिक न्याय
    (B) आर्थिक न्याय
    (C) राजनीतिक न्याय
    (D) धार्मिक न्याय

    सही उत्तर: (D) धार्मिक न्याय

    विस्तृत व्याख्या:

    भारत के संविधान की प्रस्तावना ‘सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय’ का उल्लेख करती है। इसमें धार्मिक न्याय का सीधा उल्लेख नहीं है, हालांकि ‘पंथनिरपेक्ष’ शब्द यह सुनिश्चित करता है कि राज्य सभी धर्मों के प्रति तटस्थ रहेगा। संविधान का अनुच्छेद 25-28 धार्मिक स्वतंत्रता के अधिकार सुनिश्चित करते हैं, जो अप्रत्यक्ष रूप से धार्मिक समानता को बढ़ावा देते हैं। ‘न्याय’ के आदर्शों को रूसी क्रांति (1917) से लिया गया है।

  2. भारतीय संविधान का कौन सा भाग मौलिक अधिकारों से संबंधित है?

    (A) भाग II
    (B) भाग III
    (C) भाग IV
    (D) भाग V

    सही उत्तर: (B) भाग III

    विस्तृत व्याख्या:

    भारतीय संविधान का भाग III (अनुच्छेद 12-35) मौलिक अधिकारों से संबंधित है, जिन्हें भारत के मैग्ना कार्टा के रूप में भी जाना जाता है। ये अधिकार व्यक्ति के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक हैं और न्यायोचित हैं, जिसका अर्थ है कि उनके उल्लंघन के मामले में व्यक्ति सीधे सर्वोच्च न्यायालय या उच्च न्यायालय जा सकता है। भाग II नागरिकता से, भाग IV राज्य के नीति निदेशक तत्वों से और भाग V संघ सरकार से संबंधित है।

  3. भारतीय संविधान में ‘राज्य के नीति निदेशक तत्व’ (DPSP) किस देश के संविधान से प्रेरित हैं?

    (A) संयुक्त राज्य अमेरिका
    (B) आयरलैंड
    (C) यूनाइटेड किंगडम
    (D) कनाडा

    सही उत्तर: (B) आयरलैंड

    विस्तृत व्याख्या:

    राज्य के नीति निदेशक तत्व (DPSP) भारतीय संविधान के भाग IV (अनुच्छेद 36-51) में निहित हैं और आयरलैंड के संविधान से लिए गए हैं। ये गैर-न्यायोचित हैं लेकिन देश के शासन में मौलिक हैं और कानून बनाने में राज्यों के लिए एक मार्गदर्शक सिद्धांत के रूप में कार्य करते हैं, जिसका उद्देश्य भारत में एक कल्याणकारी राज्य की स्थापना करना है।

  4. भारत के राष्ट्रपति के चुनाव के लिए निर्वाचक मंडल में निम्नलिखित में से कौन शामिल नहीं होता है?

    (A) संसद के दोनों सदनों के निर्वाचित सदस्य
    (B) राज्य विधानसभाओं के निर्वाचित सदस्य
    (C) केंद्र शासित प्रदेशों (दिल्ली और पुदुचेरी) की विधानसभाओं के निर्वाचित सदस्य
    (D) राज्य विधान परिषदों के निर्वाचित सदस्य

    सही उत्तर: (D) राज्य विधान परिषदों के निर्वाचित सदस्य

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 54 भारत के राष्ट्रपति के चुनाव के लिए निर्वाचक मंडल का प्रावधान करता है। इसमें संसद के दोनों सदनों के निर्वाचित सदस्य, राज्यों की विधानसभाओं के निर्वाचित सदस्य और 70वें संवैधानिक संशोधन अधिनियम, 1992 द्वारा शामिल किए गए दिल्ली और पुदुचेरी केंद्र शासित प्रदेशों की विधानसभाओं के निर्वाचित सदस्य शामिल होते हैं। राज्य विधान परिषदों के सदस्य (निर्वाचित और मनोनीत दोनों) राष्ट्रपति के चुनाव में भाग नहीं लेते हैं।

  5. धन विधेयक को पहली बार किस सदन में पेश किया जा सकता है?

    (A) लोकसभा
    (B) राज्यसभा
    (C) किसी भी सदन में
    (D) लोकसभा अध्यक्ष के विवेक पर

    सही उत्तर: (A) लोकसभा

    विस्तृत व्याख्या:

    संविधान के अनुच्छेद 110 के अनुसार, धन विधेयक को केवल लोकसभा में ही पेश किया जा सकता है, और इसे राष्ट्रपति की सिफारिश पर ही पेश किया जा सकता है। राज्यसभा धन विधेयक को अस्वीकार या संशोधित नहीं कर सकती, वह केवल 14 दिनों की अवधि के लिए सिफारिशें कर सकती है। यदि राज्यसभा 14 दिनों के भीतर विधेयक वापस नहीं करती है, तो इसे दोनों सदनों द्वारा पारित मान लिया जाता है।

  6. भारत के सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश को हटाने की प्रक्रिया निम्नलिखित में से किस आधार पर शुरू की जा सकती है?

    (A) अक्षमता या सिद्ध कदाचार
    (B) राजनीतिक विरोध
    (C) सार्वजनिक राय
    (D) सरकारी नीति का विरोध

    सही उत्तर: (A) अक्षमता या सिद्ध कदाचार

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 124(4) सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश को हटाने की प्रक्रिया का प्रावधान करता है। एक न्यायाधीश को केवल ‘सिद्ध कदाचार’ (proven misbehaviour) या ‘अक्षमता’ (incapacity) के आधार पर संसद के दोनों सदनों द्वारा पारित एक विशेष बहुमत वाले प्रस्ताव द्वारा राष्ट्रपति के आदेश से हटाया जा सकता है। राजनीतिक विरोध, सार्वजनिक राय या सरकारी नीति का विरोध हटाने का आधार नहीं हो सकता है।

  7. भारतीय संविधान का कौन सा अनुच्छेद ‘भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक’ (CAG) के पद का प्रावधान करता है?

    (A) अनुच्छेद 76
    (B) अनुच्छेद 148
    (C) अनुच्छेद 155
    (D) अनुच्छेद 280

    सही उत्तर: (B) अनुच्छेद 148

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 148 भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) के पद का प्रावधान करता है। CAG भारतीय लेखा परीक्षा और लेखा विभाग का प्रमुख होता है और सार्वजनिक धन का मुख्य संरक्षक होता है। यह संघ और राज्यों दोनों के खातों का लेखा-परीक्षण करता है। अनुच्छेद 76 भारत के महान्यायवादी से, अनुच्छेद 155 राज्यपाल की नियुक्ति से और अनुच्छेद 280 वित्त आयोग से संबंधित है।

  8. पंचायती राज प्रणाली किस संवैधानिक संशोधन अधिनियम द्वारा संवैधानिक दर्जा प्राप्त किया?

    (A) 42वां संशोधन अधिनियम
    (B) 44वां संशोधन अधिनियम
    (C) 73वां संशोधन अधिनियम
    (D) 74वां संशोधन अधिनियम

    सही उत्तर: (C) 73वां संशोधन अधिनियम

    विस्तृत व्याख्या:

    73वां संवैधानिक संशोधन अधिनियम, 1992 ने पंचायती राज संस्थाओं को संवैधानिक दर्जा प्रदान किया। इसने संविधान में एक नया भाग IX ‘पंचायतें’ और एक नई ग्यारहवीं अनुसूची जोड़ी, जिसमें पंचायतों के 29 कार्यात्मक विषय शामिल हैं। 74वां संशोधन अधिनियम शहरी स्थानीय निकायों (नगर पालिकाओं) से संबंधित है।

  9. ‘संविधान की मूल संरचना’ (Basic Structure Doctrine) का सिद्धांत किस ऐतिहासिक मामले में प्रतिपादित किया गया था?

    (A) गोलकनाथ बनाम पंजाब राज्य मामला (1967)
    (B) केशवानंद भारती बनाम केरल राज्य मामला (1973)
    (C) मिनर्वा मिल्स बनाम भारत संघ मामला (1980)
    (D) एस. आर. बोम्मई बनाम भारत संघ मामला (1994)

    सही उत्तर: (B) केशवानंद भारती बनाम केरल राज्य मामला (1973)

    विस्तृत व्याख्या:

    केशवानंद भारती बनाम केरल राज्य मामला (1973) भारतीय संवैधानिक कानून में एक मील का पत्थर है, जिसमें सर्वोच्च न्यायालय ने ‘संविधान की मूल संरचना’ का सिद्धांत प्रतिपादित किया। इस सिद्धांत के अनुसार, संसद के पास संविधान के किसी भी हिस्से में संशोधन करने की शक्ति है, लेकिन वह उन प्रावधानों को संशोधित नहीं कर सकती जो संविधान की मूल संरचना का हिस्सा हैं।

  10. भारतीय संविधान में ‘एकल नागरिकता’ का प्रावधान किस देश से लिया गया है?

    (A) संयुक्त राज्य अमेरिका
    (B) कनाडा
    (C) यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन)
    (D) आयरलैंड

    सही उत्तर: (C) यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन)

    विस्तृत व्याख्या:

    भारतीय संविधान में ‘एकल नागरिकता’ का प्रावधान यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन) के संविधान से लिया गया है। इसका अर्थ है कि भारत का नागरिक केवल भारतीय संघ का नागरिक है, न कि किसी विशेष राज्य का। यह देश की एकता और अखंडता को बढ़ावा देता है। संयुक्त राज्य अमेरिका में दोहरी नागरिकता की प्रणाली है।

  11. भारत के संविधान का कौन सा अनुच्छेद ‘जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के अधिकार’ से संबंधित है?

    (A) अनुच्छेद 19
    (B) अनुच्छेद 20
    (C) अनुच्छेद 21
    (D) अनुच्छेद 22

    सही उत्तर: (C) अनुच्छेद 21

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 21 घोषणा करता है कि “किसी भी व्यक्ति को उसके जीवन या व्यक्तिगत स्वतंत्रता से कानून द्वारा स्थापित प्रक्रिया के अलावा वंचित नहीं किया जाएगा।” यह सबसे महत्वपूर्ण मौलिक अधिकारों में से एक है और इसे आपातकाल के दौरान भी निलंबित नहीं किया जा सकता (44वें संशोधन अधिनियम, 1978 द्वारा)। अनुच्छेद 19 स्वतंत्रता के कुछ अधिकारों से, अनुच्छेद 20 अपराधों के लिए दोषसिद्धि के संबंध में संरक्षण से, और अनुच्छेद 22 कुछ मामलों में गिरफ्तारी और निरोध से संरक्षण से संबंधित है।

  12. भारतीय संविधान का कौन सा अनुच्छेद ‘ग्राम पंचायतों के संगठन’ से संबंधित है?

    (A) अनुच्छेद 39
    (B) अनुच्छेद 40
    (C) अनुच्छेद 43
    (D) अनुच्छेद 48

    सही उत्तर: (B) अनुच्छेद 40

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 40 राज्य के नीति निदेशक तत्वों का एक हिस्सा है और राज्य को ग्राम पंचायतों को संगठित करने और उन्हें स्वशासन की इकाइयों के रूप में कार्य करने में सक्षम बनाने के लिए ऐसी शक्तियां और अधिकार प्रदान करने का निर्देश देता है। यह गांधीवादी सिद्धांतों में से एक है।

  13. राष्ट्रपति द्वारा जारी अध्यादेश कितने समय तक वैध रहता है?

    (A) संसद के सत्र शुरू होने के छह सप्ताह बाद तक
    (B) छह महीने
    (C) तीन महीने
    (D) अनिश्चित काल तक

    सही उत्तर: (A) संसद के सत्र शुरू होने के छह सप्ताह बाद तक

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 123 के तहत, राष्ट्रपति के पास अध्यादेश जारी करने की शक्ति होती है जब संसद के दोनों सदन सत्र में न हों और ऐसी परिस्थितियाँ उत्पन्न हो जाएं जिनके लिए तत्काल कार्रवाई की आवश्यकता हो। यह अध्यादेश संसद के पुनः समवेत होने के छह सप्ताह बाद तक वैध रहता है। इसे संसद द्वारा छह सप्ताह के भीतर अनुमोदित किया जाना चाहिए, अन्यथा यह समाप्त हो जाता है। इसका अधिकतम जीवनकाल छह महीने और छह सप्ताह हो सकता है (यदि संसद छह महीने के लिए सत्र में न हो)।

  14. भारत की संचित निधि (Consolidated Fund of India) से धन निकालने के लिए किसकी अनुमति आवश्यक है?

    (A) राष्ट्रपति
    (B) संसद
    (C) प्रधानमंत्री
    (D) वित्त मंत्री

    सही उत्तर: (B) संसद

    विस्तृत व्याख्या:

    संविधान के अनुच्छेद 266(1) के अनुसार, भारत की संचित निधि से कोई भी धन संसद द्वारा कानून पारित किए बिना नहीं निकाला जा सकता है। यह सिद्धांत ‘संसद के पर्स पर नियंत्रण’ (Parliamentary control over the purse) को दर्शाता है और वित्तीय जवाबदेही सुनिश्चित करता है।

  15. भारतीय संविधान में ‘संसदीय विशेषाधिकार’ (Parliamentary Privileges) किस देश के संविधान से लिए गए हैं?

    (A) संयुक्त राज्य अमेरिका
    (B) आयरलैंड
    (C) यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन)
    (D) ऑस्ट्रेलिया

    सही उत्तर: (C) यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन)

    विस्तृत व्याख्या:

    भारतीय संविधान में ‘संसदीय विशेषाधिकार’ की अवधारणा यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन) के संविधान से ली गई है। अनुच्छेद 105 संसद के सदस्यों और समितियों को कुछ अधिकार और उन्मुक्तियां प्रदान करता है ताकि वे अपने कार्यों को प्रभावी ढंग से और बिना किसी बाधा के कर सकें।

  16. भारत के सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीशों की संख्या में वृद्धि करने की शक्ति किसके पास है?

    (A) राष्ट्रपति
    (B) संसद
    (C) भारत के मुख्य न्यायाधीश
    (D) कानून मंत्रालय

    सही उत्तर: (B) संसद

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 124(1) के अनुसार, सर्वोच्च न्यायालय में न्यायाधीशों की संख्या तय करने की शक्ति संसद के पास है। संसद कानून बनाकर सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीशों की संख्या बढ़ा सकती है। मूल रूप से, सर्वोच्च न्यायालय में एक मुख्य न्यायाधीश और सात अन्य न्यायाधीश थे। वर्तमान में, मुख्य न्यायाधीश सहित 34 न्यायाधीश हैं।

  17. अंतर्राज्यीय परिषद (Inter-State Council) का गठन किस अनुच्छेद के तहत किया जाता है?

    (A) अनुच्छेद 262
    (B) अनुच्छेद 263
    (C) अनुच्छेद 280
    (D) अनुच्छेद 266

    सही उत्तर: (B) अनुच्छेद 263

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 263 राष्ट्रपति को अंतर्राज्यीय परिषद स्थापित करने का अधिकार देता है यदि किसी भी समय उसे प्रतीत होता है कि ऐसी परिषद की स्थापना से सार्वजनिक हित की सेवा होगी। इसका मुख्य कार्य राज्यों के बीच विवादों की जांच और सलाह देना और केंद्र-राज्य संबंधों में समन्वय को बढ़ावा देना है। अनुच्छेद 262 अंतर्राज्यीय नदी जल विवादों से, अनुच्छेद 280 वित्त आयोग से और अनुच्छेद 266 भारत की संचित निधि से संबंधित है।

  18. राज्य लोक सेवा आयोग (SPSC) के अध्यक्ष और सदस्यों को कौन हटा सकता है?

    (A) राज्यपाल
    (B) राष्ट्रपति
    (C) संबंधित राज्य का मुख्यमंत्री
    (D) संबंधित राज्य की विधान सभा

    सही उत्तर: (B) राष्ट्रपति

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 317 के अनुसार, राज्य लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष या किसी अन्य सदस्य को केवल राष्ट्रपति द्वारा हटाया जा सकता है, न कि राज्यपाल द्वारा। हालांकि, उनकी नियुक्ति राज्यपाल द्वारा की जाती है। हटाने की प्रक्रिया सर्वोच्च न्यायालय की जांच रिपोर्ट पर आधारित होती है, जो राष्ट्रपति को प्रस्तुत की जाती है।

  19. ‘पंचायतों’ से संबंधित प्रावधान भारतीय संविधान के किस भाग में हैं?

    (A) भाग VII
    (B) भाग VIII
    (C) भाग IX
    (D) भाग X

    सही उत्तर: (C) भाग IX

    विस्तृत व्याख्या:

    73वें संवैधानिक संशोधन अधिनियम, 1992 द्वारा भारतीय संविधान में भाग IX जोड़ा गया, जिसका शीर्षक ‘पंचायतें’ है। इसमें अनुच्छेद 243 से 243O तक के प्रावधान शामिल हैं, जो पंचायती राज प्रणाली की संरचना, शक्तियों और कार्यों से संबंधित हैं।

  20. राष्ट्रीय आपातकाल (National Emergency) के दौरान कौन से मौलिक अधिकार निलंबित नहीं किए जा सकते?

    (A) अनुच्छेद 19 और 20
    (B) अनुच्छेद 20 और 21
    (C) अनुच्छेद 21 और 22
    (D) अनुच्छेद 14 और 16

    सही उत्तर: (B) अनुच्छेद 20 और 21

    विस्तृत व्याख्या:

    44वें संवैधानिक संशोधन अधिनियम, 1978 के तहत यह स्पष्ट किया गया कि राष्ट्रीय आपातकाल (अनुच्छेद 352) के दौरान भी अनुच्छेद 20 (अपराधों के लिए दोषसिद्धि के संबंध में संरक्षण) और अनुच्छेद 21 (जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता का संरक्षण) को निलंबित नहीं किया जा सकता है। अन्य सभी मौलिक अधिकारों को निलंबित किया जा सकता है, जिसमें अनुच्छेद 19 (स्वतंत्रता के छह अधिकार) भी शामिल है, लेकिन केवल तभी जब आपातकाल ‘युद्ध या बाहरी आक्रमण’ के आधार पर घोषित किया गया हो।

  21. भारतीय संविधान का कौन सा अनुच्छेद ‘समान नागरिक संहिता’ (Uniform Civil Code) से संबंधित है?

    (A) अनुच्छेद 40
    (B) अनुच्छेद 43
    (C) अनुच्छेद 44
    (D) अनुच्छेद 48

    सही उत्तर: (C) अनुच्छेद 44

    विस्तृत व्याख्या:

    अनुच्छेद 44 राज्य के नीति निदेशक तत्वों का हिस्सा है और यह कहता है कि राज्य भारत के पूरे क्षेत्र में नागरिकों के लिए एक समान नागरिक संहिता सुनिश्चित करने का प्रयास करेगा। इसका उद्देश्य व्यक्तिगत कानूनों में समानता लाना और राष्ट्रीय एकता को बढ़ावा देना है।

  22. भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त (Chief Election Commissioner) का कार्यकाल कितना होता है?

    (A) 5 वर्ष या 65 वर्ष की आयु, जो भी पहले हो
    (B) 6 वर्ष या 62 वर्ष की आयु, जो भी पहले हो
    (C) 6 वर्ष या 65 वर्ष की आयु, जो भी पहले हो
    (D) 5 वर्ष या 62 वर्ष की आयु, जो भी पहले हो

    सही उत्तर: (C) 6 वर्ष या 65 वर्ष की आयु, जो भी पहले हो

    विस्तृत व्याख्या:

    मुख्य चुनाव आयुक्त (और अन्य चुनाव आयुक्त) का कार्यकाल 6 वर्ष या 65 वर्ष की आयु तक होता है, जो भी पहले हो। वे भारत के राष्ट्रपति द्वारा नियुक्त किए जाते हैं और उनका दर्जा सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश के समान होता है। चुनाव आयोग एक संवैधानिक निकाय है, जिसका उल्लेख अनुच्छेद 324 में है।

  23. भारतीय संविधान में ‘अवशिष्ट शक्तियों’ (Residuary Powers) का सिद्धांत किस देश से लिया गया है?

    (A) ऑस्ट्रेलिया
    (B) संयुक्त राज्य अमेरिका
    (C) कनाडा
    (D) आयरलैंड

    सही उत्तर: (C) कनाडा

    विस्तृत व्याख्या:

    भारतीय संविधान में ‘अवशिष्ट शक्तियों’ का सिद्धांत कनाडा के संविधान से लिया गया है। अनुच्छेद 248 के तहत, कानून बनाने की अवशिष्ट शक्तियां (जो किसी भी तीन सूचियों – संघ, राज्य या समवर्ती – में शामिल नहीं हैं) संसद में निहित हैं। यह एक मजबूत केंद्र की ओर झुकाव वाले संघीय ढांचे को दर्शाता है।

  24. भारतीय संविधान के किस संशोधन अधिनियम द्वारा ‘शिक्षा का अधिकार’ (Right to Education) एक मौलिक अधिकार बनाया गया?

    (A) 42वां संशोधन अधिनियम
    (B) 86वां संशोधन अधिनियम
    (C) 91वां संशोधन अधिनियम
    (D) 97वां संशोधन अधिनियम

    सही उत्तर: (B) 86वां संशोधन अधिनियम

    विस्तृत व्याख्या:

    86वां संवैधानिक संशोधन अधिनियम, 2002 ने अनुच्छेद 21A को संविधान में जोड़ा, जिससे 6 से 14 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए शिक्षा का अधिकार एक मौलिक अधिकार बन गया। इसने अनुच्छेद 45 की विषय-वस्तु को भी बदल दिया और अनुच्छेद 51A में एक नया मौलिक कर्तव्य (अनुच्छेद 51A(k)) जोड़ा।

  25. भारत में न्यायिक समीक्षा (Judicial Review) की शक्ति का क्या अर्थ है?

    (A) सरकार के प्रशासनिक निर्णयों की समीक्षा करने की शक्ति
    (B) संसद द्वारा पारित कानूनों की संवैधानिक वैधता की जांच करने की शक्ति
    (C) न्यायालय के अपने निर्णयों की समीक्षा करने की शक्ति
    (D) नागरिकों के व्यवहार की समीक्षा करने की शक्ति

    सही उत्तर: (B) संसद द्वारा पारित कानूनों की संवैधानिक वैधता की जांच करने की शक्ति

    विस्तृत व्याख्या:

    भारत में न्यायिक समीक्षा की शक्ति का अर्थ है कि सर्वोच्च न्यायालय और उच्च न्यायालयों के पास संसद और राज्य विधानमंडलों द्वारा पारित कानूनों और कार्यकारी आदेशों की संवैधानिक वैधता की जांच करने की शक्ति है। यदि कोई कानून या आदेश संविधान के प्रावधानों का उल्लंघन करता पाया जाता है, तो उसे असंवैधानिक और शून्य घोषित किया जा सकता है। यह शक्ति संविधान के अनुच्छेद 13, 32, 226 और अन्य विभिन्न अनुच्छेदों में निहित है।

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