नमस्ते भविष्य के विद्वानों!
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समाजशास्त्र की गहराइयों को समझने और अपनी विश्लेषणात्मक क्षमता को निखारने का समय आ गया है। आज का यह मॉक टेस्ट आपको न केवल शास्त्रीय सिद्धांतों से रूबरू कराएगा, बल्कि समकालीन सामाजिक बदलावों और डिजिटल युग की जटिलताओं के प्रति भी सचेत करेगा। अपनी वैचारिक स्पष्टता को परखें और अपनी तैयारी को एक नई ऊंचाई दें!
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- हालिया शोधों के अनुसार, सोशल मीडिया एल्गोरिदम (जैसे TikTok) द्वारा राजनीतिक विमर्श को प्रभावित करना समाजशास्त्र के किस क्षेत्र के अंतर्गत आता है?\n
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- (A) ग्रामीण समाजशास्त्र
- (B) डिजिटल समाजशास्त्र (Digital Sociology)
- (C) औद्योगिक समाजशास्त्र
- (D) परिवार समाजशास्त्र
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सही उत्तर: (B) डिजिटल समाजशास्त्र (Digital Sociology)
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विस्तृत व्याख्या: डिजिटल समाजशास्त्र इस बात का अध्ययन करता है कि डिजिटल तकनीकें, एल्गोरिदम और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म सामाजिक व्यवहार, राजनीतिक राय और मानवीय संबंधों को कैसे आकार देते हैं। हालिया डेटा दिखाता है कि एल्गोरिदम ‘इको चैंबर्स’ बना सकते हैं, जिससे व्यक्ति केवल उन्हीं विचारों को देखता है जो उसके पहले से मौजूद विश्वासों की पुष्टि करते हैं। विकल्प (A), (C) और (D) विशिष्ट सामाजिक क्षेत्रों से संबंधित हैं लेकिन डिजिटल प्रभाव के अध्ययन से नहीं।
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- मैक्स वेबर के अनुसार, ‘आदर्श प्रारूप’ (Ideal Type) क्या है?\n
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- (A) समाज का एक पूर्ण और वास्तविक चित्रण
- (B) एक नैतिक मानक जिसे समाज को प्राप्त करना चाहिए
- (C) एक विश्लेषणात्मक उपकरण जो वास्तविकता के विशिष्ट लक्षणों को उजागर करता है
- (D) केवल धार्मिक विश्वासों का एक समूह
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सही उत्तर: (C) एक विश्लेषणात्मक उपकरण जो वास्तविकता के विशिष्ट लक्षणों को उजागर करता है
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विस्तृत व्याख्या: वेबर ने ‘आदर्श प्रारूप’ का उपयोग वास्तविकता के जटिल विवरणों को सरल बनाने और तुलना करने के लिए किया। यह ‘आदर्श’ (Perfect) होने के बारे में नहीं है, बल्कि एक वैचारिक मॉडल है। विकल्प (A) गलत है क्योंकि यह वास्तविक चित्रण नहीं बल्कि एक मानसिक निर्माण है। (B) गलत है क्योंकि यह नैतिक लक्ष्य नहीं है।
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- एमिल दुर्खीम द्वारा प्रतिपादित ‘एनोमी’ (Anomie) की स्थिति का क्या अर्थ है?\n
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- (A) अत्यधिक सामाजिक नियंत्रण
- (B) सामाजिक मानदंडों का अभाव या विखंडन
- (C) वर्ग संघर्ष की स्थिति
- (D) धार्मिक कट्टरता
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सही उत्तर: (B) सामाजिक मानदंडों का अभाव या विखंडन
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विस्तृत व्याख्या: दुर्खीम के अनुसार, जब समाज में तेजी से बदलाव आते हैं (जैसे औद्योगिक क्रांति), तो पुराने नियम काम नहीं करते और नए नियम अभी बने नहीं होते, जिससे व्यक्ति दिशाहीन महसूस करता है। इसे ही ‘एनोमी’ या नियमहीनता कहा जाता है। विकल्प (C) मार्क्स के वर्ग संघर्ष से संबंधित है।
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- कार्ल मार्क्स के ‘ऐतिहासिक भौतिकवाद’ (Historical Materialism) का मुख्य आधार क्या है?\n
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- (A) विचारों का प्रभाव
- (B) उत्पादन की भौतिक स्थितियां और आर्थिक संबंध
- (C) केवल धार्मिक विश्वास
- (D) राजनीतिक नेतृत्व
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सही उत्तर: (B) उत्पादन की भौतिक स्थितियां और आर्थिक संबंध
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विस्तृत व्याख्या: मार्क्स का मानना था कि समाज का आर्थिक आधार (Base) ही उसके अधिरचना (Superstructure – जैसे कानून, धर्म, राजनीति) को निर्धारित करता है। उत्पादन के साधन और संबंध ही इतिहास की दिशा तय करते हैं। विकल्प (A) ‘विचारवाद’ है, जो मार्क्स के भौतिकवाद के विपरीत है।
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- समकालीन श्रम प्रवृत्तियों में ‘रिमोट वर्क’ और ‘डिजिटल नोमैडिज्म’ का उदय सामाजिक संबंधों को कैसे प्रभावित कर रहा है?\n
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- (A) यह पारंपरिक सामुदायिक संबंधों को और मजबूत कर रहा है
- (B) यह कार्य और निजी जीवन के बीच की सीमाओं को धुंधला कर रहा है
- (C) यह शहरीकरण को पूरी तरह समाप्त कर रहा है
- (D) इसका सामाजिक संबंधों पर कोई प्रभाव नहीं है
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सही उत्तर: (B) यह कार्य और निजी जीवन के बीच की सीमाओं को धुंधला कर रहा है
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विस्तृत व्याख्या: डिजिटल नोमैडिज्म और रिमोट वर्क ने स्थान की बाध्यता को खत्म कर दिया है, जिससे ‘Work-Life Balance’ प्रभावित हुआ है और सामाजिक संपर्क अब भौतिक के बजाय डिजिटल माध्यमों पर अधिक निर्भर हो गए हैं। विकल्प (A) गलत है क्योंकि यह अक्सर अलगाव (Isolation) बढ़ाता है।
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- एम.एन. श्रीनिवास द्वारा प्रतिपादित ‘संस्कृतिकरण’ (Sanskritization) की प्रक्रिया क्या है?\n
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- (A) निचली जातियों का उच्च जातियों के रीति-रिवाजों और जीवन शैली को अपनाना
- (B) संस्कृत भाषा का अनिवार्य रूप से अध्ययन करना
- (C) जातियों का पूरी तरह से समाप्त हो जाना
- (D) केवल शहरी क्षेत्रों में रहने की प्रक्रिया
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सही उत्तर: (A) निचली जातियों का उच्च जातियों के रीति-रिवाजों और जीवन शैली को अपनाना
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विस्तृत व्याख्या: संस्कृतिकरण वह प्रक्रिया है जिसमें कोई निम्न जाति या समूह उच्च जाति (विशेषकर ब्राह्मण या क्षत्रिय) के रीति-रिवाजों, विचारधारा और जीवन पद्धति को अपनाकर अपनी सामाजिक स्थिति सुधारने का प्रयास करता है। विकल्प (B) और (D) इस समाजशास्त्रीय अवधारणा का हिस्सा नहीं हैं।
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- टैलकोट पार्सन्स के AGIL मॉडल में ‘L’ का क्या अर्थ है?\n
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- (A) Leadership (नेतृत्व)
- (B) Latency (प्रसुप्तता/पैटर्न रखरखाव)
- (C) Legalization (वैधीकरण)
- (D) Labor (श्रम)
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सही उत्तर: (B) Latency (प्रसुप्तता/पैटर्न रखरखाव)
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विस्तृत व्याख्या: AGIL मॉडल में A=Adaptation (अनुकूलन), G=Goal Attainment (लक्ष्य प्राप्ति), I=Integration (एकीकरण), और L=Latency (पैटर्न रखरखाव) है। Latency का अर्थ है सांस्कृतिक मूल्यों को बनाए रखना ताकि सामाजिक स्थिरता बनी रहे।
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- रॉबर्ट मर्टन के अनुसार, ‘प्रकट कार्य’ (Manifest Function) और ‘अंतर्निहित कार्य’ (Latent Function) में क्या अंतर है?\n
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- (A) प्रकट कार्य गुप्त होते हैं, जबकि अंतर्निहित स्पष्ट होते हैं
- (B) प्रकट कार्य इच्छित और मान्यता प्राप्त होते हैं, जबकि अंतर्निहित अनपेक्षित होते हैं
- (C) दोनों एक ही होते हैं
- (D) प्रकट कार्य केवल नकारात्मक होते हैं
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सही उत्तर: (B) प्रकट कार्य इच्छित और मान्यता प्राप्त होते हैं, जबकि अंतर्निहित अनपेक्षित होते हैं
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विस्तृत व्याख्या: उदाहरण के लिए, शिक्षा का ‘प्रकट कार्य’ ज्ञान प्रदान करना है, लेकिन इसका ‘अंतर्निहित कार्य’ बच्चों का सामाजिककरण करना या विवाह के लिए साथी ढूंढना हो सकता है। विकल्प (A) ठीक इसका उल्टा है।
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- जॉर्ज हर्बर्ट मीड के ‘स्व’ (Self) के सिद्धांत में ‘I’ और ‘Me’ का क्या संबंध है?\n
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- (A) ‘I’ सामाजिक अपेक्षाएं हैं और ‘Me’ व्यक्तिगत इच्छाएं हैं
- (B) ‘I’ रचनात्मक/स्वैच्छिक पक्ष है और ‘Me’ समाज द्वारा देखा गया पक्ष है
- (C) दोनों एक ही बात के दो नाम हैं
- (D) ‘I’ और ‘Me’ का कोई संबंध नहीं है
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सही उत्तर: (B) ‘I’ रचनात्मक/स्वैच्छिक पक्ष है और ‘Me’ समाज द्वारा देखा गया पक्ष है
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विस्तृत व्याख्या: ‘Me’ वह प्रतिबिंब है जिसे हम समाज की नजरों से देखते हैं (Socialized self), जबकि ‘I’ उस प्रतिबिंब के प्रति हमारी तत्काल प्रतिक्रिया है (Spontaneous self)। यह प्रतीकात्मक अंतःक्रियावाद (Symbolic Interactionism) का मुख्य हिस्सा है।
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- ‘सहभागी अवलोकन’ (Participant Observation) अनुसंधान की किस विधि का हिस्सा है?\n
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- (A) मात्रात्मक विधि (Quantitative Method)
- (B) गुणात्मक विधि (Qualitative Method)
- (C) प्रयोगात्मक विधि (Experimental Method)
- (D) सांख्यिकीय विधि (Statistical Method)
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सही उत्तर: (B) गुणात्मक विधि (Qualitative Method)
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विस्तृत व्याख्या: सहभागी अवलोकन में शोधकर्ता स्वयं समूह का हिस्सा बनकर उनके जीवन का गहराई से अध्ययन करता है, जिससे गहन विवरण (Thick Description) प्राप्त होते हैं। मात्रात्मक विधियां (A) आंकड़ों और सर्वेक्षणों पर केंद्रित होती हैं।
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- जी.एस. घुर्ये ने भारतीय समाज के अध्ययन में किस दृष्टिकोण पर जोर दिया?\n
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- (A) केवल जनजातीय अलगाव
- (B) जाति और जनजाति के बीच निरंतरता (Continuity)
- (C) केवल ग्रामीण गरीबी
- (D) पश्चिमीकरण का पूर्ण विरोध
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सही उत्तर: (B) जाति और जनजाति के बीच निरंतरता (Continuity)
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विस्तृत व्याख्या: घुर्ये का तर्क था कि भारत में जनजातियां वास्तव में ‘पिछड़ी जातियां’ (Backward Hindus) हैं और उनके बीच जाति व्यवस्था के साथ एक गहरा संबंध रहा है। यह दृष्टिकोण जनजातियों के एकीकरण पर बल देता है।
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- पीयरे बोर्दियू (Pierre Bourdieu) की ‘सांस्कृतिक पूंजी’ (Cultural Capital) की अवधारणा का क्या अर्थ है?\n
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- (A) बैंक में जमा धन
- (B) ज्ञान, कौशल और शिक्षा जो सामाजिक लाभ प्रदान करते हैं
- (C) केवल भौतिक संपत्तियां जैसे जमीन और सोना
- (D) धार्मिक ग्रंथों का संग्रह
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सही उत्तर: (B) ज्ञान, कौशल और शिक्षा जो सामाजिक लाभ प्रदान करते हैं
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विस्तृत व्याख्या: सांस्कृतिक पूंजी में वे गैर-वित्तीय सामाजिक संपत्तियां शामिल हैं (जैसे बोलने का तरीका, डिग्री, शिष्टाचार) जो व्यक्ति को समाज में उच्च स्थिति प्राप्त करने में मदद करती हैं। विकल्प (A) और (C) आर्थिक पूंजी के उदाहरण हैं।
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- शहरी समाजशास्त्र में ‘जेंट्रिफिकेशन’ (Gentrification) का क्या अर्थ है?\n
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- (A) झुग्गी बस्तियों का विस्तार होना
- (B) शहरी गरीब क्षेत्रों का पुनर्निर्माण कर वहां उच्च वर्ग का बसना
- (C) शहरों से गांवों की ओर पलायन
- (D) शहरी क्षेत्रों में हरियाली बढ़ाना
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सही उत्तर: (B) शहरी गरीब क्षेत्रों का पुनर्निर्माण कर वहां उच्च वर्ग का बसना
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विस्तृत व्याख्या: जेंट्रिफिकेशन तब होता है जब किसी पुराने या निम्न-आय वाले शहरी क्षेत्र में निवेश बढ़ता है, जिससे वहां का किराया बढ़ जाता है और मूल गरीब निवासी वहां से विस्थापित हो जाते हैं।
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- निम्नलिखित में से कौन सा ‘बंद स्तरीकरण’ (Closed Stratification) का उदाहरण है?\n
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- (A) वर्ग व्यवस्था (Class System)
- (B) जाति व्यवस्था (Caste System)
- (C) योग्यता आधारित व्यवस्था (Meritocracy)
- (D) व्यावसायिक पदसोपान
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सही उत्तर: (B) जाति व्यवस्था (Caste System)
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विस्तृत व्याख्या: बंद स्तरीकरण वह होता है जहाँ जन्म के बाद सामाजिक स्थिति बदली नहीं जा सकती। जाति व्यवस्था इसका उत्कृष्ट उदाहरण है। वर्ग व्यवस्था (A) एक ‘खुली व्यवस्था’ है जहाँ शिक्षा और धन से स्थिति बदली जा सकती है।
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- शिक्षा संस्थानों में ‘जातीय विविधता’ (Racial/Ethnic Diversity) के सकारात्मक प्रभाव के संबंध में हालिया शोध क्या बताते हैं?\n
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- (A) इससे शैक्षणिक प्रदर्शन गिरता है
- (B) यह संस्थागत संस्कृति को अधिक समावेशी और प्रदर्शन को बेहतर बनाता है
- (C) विविधता से संघर्ष बढ़ता है और शिक्षा की गुणवत्ता कम होती है
- (D) इसका शैक्षणिक प्रदर्शन पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता
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सही उत्तर: (B) यह संस्थागत संस्कृति को अधिक समावेशी और प्रदर्शन को बेहतर बनाता है
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विस्तृत व्याख्या: हालिया अध्ययनों (जैसा कि न्यूज़ डेटा में उल्लेखित है) के अनुसार, विविधता छात्रों के दृष्टिकोण को व्यापक बनाती है, जिससे आलोचनात्मक सोच बढ़ती है और एक अधिक समावेशी वातावरण तैयार होता है, जो अंततः अकादमिक सफलता में मदद करता है।
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- अगस्त कॉम्टे (Auguste Comte) ने समाजशास्त्र के अध्ययन के लिए किस विधि का प्रस्ताव दिया?\n
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- (A) केवल अंतर्ज्ञान (Intuition)
- (B) प्रत्यक्षवाद (Positivism)
- (C) केवल ऐतिहासिक विश्लेषण
- (D) धार्मिक व्याख्याएं
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सही उत्तर: (B) प्रत्यक्षवाद (Positivism)
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विस्तृत व्याख्या: कॉम्टे को ‘समाजशास्त्र का जनक’ माना जाता है। उन्होंने प्रत्यक्षवाद का सुझाव दिया, जिसका अर्थ है समाज का अध्ययन उसी वैज्ञानिक विधि (अवलोकन, प्रयोग, तुलना) से करना जैसे प्राकृतिक विज्ञानों (भौतिकी, रसायन) का किया जाता है।
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- ‘प्रतीकात्मक अंतःक्रियावाद’ (Symbolic Interactionism) का मुख्य केंद्र क्या है?\n
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- (A) व्यापक सामाजिक संरचनाएं और कानून
- (B) व्यक्तियों के बीच सूक्ष्म स्तर के संवाद और प्रतीकों का अर्थ
- (C) केवल आर्थिक उत्पादन की प्रक्रिया
- (D) जन्म दर और मृत्यु दर के आंकड़े
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सही उत्तर: (B) व्यक्तियों के बीच सूक्ष्म स्तर के संवाद और प्रतीकों का अर्थ
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विस्तृत व्याख्या: यह सिद्धांत मानता है कि समाज व्यक्तियों के बीच होने वाली सूक्ष्म अंतःक्रियाओं (Micro-interactions) और उनके द्वारा दिए गए अर्थों से बनता है। यह व्यापक संरचनाओं (Macro structures) के बजाय व्यक्ति पर ध्यान केंद्रित करता है।
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- निम्नलिखित में से कौन सा ‘पदानुक्रम’ (Hierarchy) का समाजशास्त्रीय उदाहरण है?\n
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- (A) मित्र मंडली
- (B) नौकरशाही (Bureaucracy)
- (C) एक अनौपचारिक क्लब
- (D) पड़ोसियों का समूह
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सही उत्तर: (B) नौकरशाही (Bureaucracy)
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विस्तृत व्याख्या: नौकरशाही में एक स्पष्ट आदेश श्रृंखला (Chain of Command) होती है, जहाँ हर अधिकारी अपने ऊपर के अधिकारी के प्रति जवाबदेह होता है। यह एक औपचारिक पदानुक्रम है।
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- ‘मूल्य-मुक्त समाजशास्त्र’ (Value-Free Sociology) की अवधारणा किसने दी थी?\n
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- (A) एमिल दुर्खीम
- (B) मैक्स वेबर
- (C) कार्ल मार्क्स
- (D) हरबर्ट स्पेंसर
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सही उत्तर: (B) मैक्स वेबर
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विस्तृत व्याख्या: वेबर का मानना था कि समाजशास्त्री को अपने व्यक्तिगत मूल्यों और पूर्वाग्रहों को शोध से अलग रखना चाहिए ताकि अध्ययन वस्तुनिष्ठ (Objective) बना रहे। विकल्प (C) गलत है क्योंकि मार्क्स का समाजशास्त्र सक्रिय रूप से परिवर्तन और क्रांति (Value-laden) का समर्थन करता था।
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- ‘पारिवारिक विखंडन’ (Family Fragmentation) का एक मुख्य कारण समकालीन समय में क्या है?\n
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- (A) संयुक्त परिवारों का बढ़ना
- (B) वैश्वीकरण और शहरीकरण के कारण पलायन
- (C) शिक्षा का अभाव
- (D) पारंपरिक मूल्यों की अत्यधिक मजबूती
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सही उत्तर: (B) वैश्वीकरण और शहरीकरण के कारण पलायन
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विस्तृत व्याख्या: रोजगार और बेहतर जीवन की तलाश में लोग गांवों से शहरों या अन्य देशों की ओर पलायन करते हैं, जिससे पारंपरिक संयुक्त परिवार टूटकर एकल परिवार (Nuclear Family) में बदल जाते हैं।
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- ‘सामाजिक पूंजी’ (Social Capital) का अर्थ क्या है?\n
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- (A) व्यक्ति की कुल संपत्ति
- (B) सामाजिक नेटवर्क और संबंधों से मिलने वाले लाभ
- (C) सरकार द्वारा दिया गया ऋण
- (D) केवल पुस्तकालयों की संख्या
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सही उत्तर: (B) सामाजिक नेटवर्क और संबंधों से मिलने वाले लाभ
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विस्तृत व्याख्या: सामाजिक पूंजी का अर्थ उन संसाधनों से है जो हमें हमारे सामाजिक संबंधों, विश्वास और नेटवर्क के माध्यम से मिलते हैं (जैसे सिफारिश द्वारा नौकरी मिलना)। जेम्स कोलमैन और रॉबर्ट पुटनाम ने इस पर महत्वपूर्ण कार्य किया है।
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- ‘धर्मनिरपेक्षता’ (Secularization) की प्रक्रिया का क्या अर्थ है?\n
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- (A) धर्म का पूरी तरह से समाप्त हो जाना
- (B) सामाजिक और राजनीतिक जीवन में धार्मिक प्रभाव का कम होना
- (C) केवल एक धर्म को मान्यता देना
- (D) धर्म का राजनीति में विलय होना
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सही उत्तर: (B) सामाजिक और राजनीतिक जीवन में धार्मिक प्रभाव का कम होना
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विस्तृत व्याख्या: धर्मनिरपेक्षता का मतलब धर्म का अंत नहीं, बल्कि सार्वजनिक जीवन, शासन और कानून से धर्म का अलग होना है, जहाँ तर्क और विज्ञान को अधिक महत्व दिया जाता है।
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- अनुसंधान में ‘नमूनाकरण’ (Sampling) का क्या उद्देश्य है?\n
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- (A) पूरी जनसंख्या का अध्ययन करना
- (B) पूरी जनसंख्या का प्रतिनिधित्व करने वाला एक छोटा समूह चुनना
- (C) डेटा को छिपाना
- (D) केवल अपने पसंदीदा लोगों का साक्षात्कार लेना
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सही उत्तर: (B) पूरी जनसंख्या का प्रतिनिधित्व करने वाला एक छोटा समूह चुनना
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विस्तृत व्याख्या: जब जनसंख्या बहुत बड़ी होती है, तो सबका अध्ययन करना असंभव होता है। इसलिए एक प्रतिनिधि नमूना (Representative Sample) चुना जाता है ताकि परिणामों को पूरी जनसंख्या पर लागू किया जा सके।
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- ‘डिजिटल डिवाइड’ (Digital Divide) से क्या तात्पर्य है?\n
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- (A) कंप्यूटर के अलग-अलग ब्रांडों के बीच अंतर
- (B) सूचना और संचार तकनीक (ICT) तक पहुंच रखने वाले और न रखने वाले लोगों के बीच की खाई
- (C) इंटरनेट की गति में अंतर
- (D) केवल सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर का अंतर
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सही उत्तर: (B) सूचना और संचार तकनीक (ICT) तक पहुंच रखने वाले और न रखने वाले लोगों के बीच की खाई
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विस्तृत व्याख्या: यह आर्थिक, सामाजिक और भौगोलिक कारणों से होने वाला अंतर है, जो समाज में असमानता को और बढ़ाता है क्योंकि जिसके पास तकनीक है, उसके पास अवसर अधिक हैं।
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- कार्ल मार्क्स के अनुसार ‘अलगाव’ (Alienation) का मुख्य कारण क्या है?\n
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- (A) प्रकृति से प्रेम
- (B) पूंजीवादी उत्पादन प्रणाली में श्रमिक का अपने काम और उत्पाद से अलगाव
- (C) अत्यधिक सामाजिक मेलजोल
- (D) धार्मिक विश्वासों का अभाव
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सही उत्तर: (B) पूंजीवादी उत्पादन प्रणाली में श्रमिक का अपने काम और उत्पाद से अलगाव
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विस्तृत व्याख्या: मार्क्स का तर्क था कि पूंजीवाद में श्रमिक केवल एक ‘पुर्जा’ बन जाता है। वह उस वस्तु का मालिक नहीं होता जो वह बनाता है, जिससे वह अपने काम, उत्पाद, सहकर्मियों और स्वयं से अलग (Alienated) महसूस करता है।
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टिप: इन प्रश्नों का अभ्यास करते समय केवल उत्तर याद न करें, बल्कि अवधारणाओं के बीच के संबंध को समझने का प्रयास करें। समाजशास्त्र रटने का नहीं, बल्कि समाज को देखने के नज़रिए का विषय है!
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