प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए सामान्य विज्ञान के महत्वपूर्ण प्रश्न
परिचय: नमस्कार, प्रतियोगी परीक्षा के मेरे प्यारे योद्धाओं! मैं आपका “प्रतिस्पर्धी परीक्षा विज्ञान गुरु” हूँ। आज हम सामान्य विज्ञान के कुछ ऐसे महत्वपूर्ण प्रश्नों का अभ्यास करेंगे जो आपकी आगामी SSC, Railways, State PSCs जैसी परीक्षाओं में सफलता की कुंजी बन सकते हैं। विज्ञान के जटिल सिद्धांतों को सरल MCQs के माध्यम से समझना और याद रखना बहुत आवश्यक है। यह अभ्यास सत्र आपको न केवल अवधारणाओं को स्पष्ट करने में मदद करेगा, बल्कि आपकी तैयारी को भी एक नई दिशा देगा। तो चलिए, बिना किसी देरी के, इस ज्ञानवर्धक यात्रा को शुरू करते हैं!
सामान्य विज्ञान अभ्यास प्रश्न (General Science Practice MCQs)
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हीरे की असाधारण चमक का मुख्य कारण क्या है?
- (a) उच्च अपवर्तनांक
- (b) पूर्ण आंतरिक परावर्तन
- (c) प्रकाश का परिक्षेपण
- (d) (a) और (b) दोनों
उत्तर: (d)
हल (Solution):
सिद्धांत (Principle): हीरे की चमक दो मुख्य भौतिक सिद्धांतों पर आधारित है: उच्च अपवर्तनांक (high refractive index) और पूर्ण आंतरिक परावर्तन (Total Internal Reflection – TIR)।
व्याख्या (Explanation): हीरे का अपवर्तनांक (लगभग 2.42) बहुत अधिक होता है, जिसके कारण प्रकाश जब हवा से हीरे में प्रवेश करता है तो वह बहुत अधिक मुड़ जाता है। इसके साथ ही, हीरे को इस तरह से काटा जाता है कि जब प्रकाश हीरे के अंदर प्रवेश करता है, तो वह विभिन्न पहलुओं से बार-बार पूर्ण आंतरिक परावर्तन से गुजरता है। पूर्ण आंतरिक परावर्तन तब होता है जब प्रकाश सघन माध्यम से विरल माध्यम में जाता है और आपतन कोण क्रांतिक कोण से अधिक होता है। हीरे के लिए क्रांतिक कोण बहुत कम (लगभग 24.4 डिग्री) होता है, जिससे प्रकाश के अंदर फंसने और बार-बार परावर्तित होने की संभावना बढ़ जाती है। यह बार-बार का परावर्तन प्रकाश को हीरे के अंदर “फंसा” लेता है और अंततः यह कई दिशाओं में बाहर निकलता है, जिससे हमें हीरे में अद्भुत चमक और जगमगाहट दिखाई देती है। ‘प्रकाश का परिक्षेपण’ (Dispersion of light) हीरे में इंद्रधनुषी रंगों (फायर) का कारण बनता है, न कि उसकी चमक का।
अतः, सही उत्तर (d) है।
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मोह्ज़ पैमाने (Mohs scale) पर हीरे की कठोरता कितनी होती है?
- (a) 7
- (b) 8
- (c) 9
- (d) 10
उत्तर: (d)
हल (Solution): मोह्ज़ कठोरता पैमाने पर हीरा 10वें स्थान पर है, जो इसे ज्ञात प्राकृतिक खनिजों में सबसे कठोर बनाता है। इस पैमाने पर खनिजों को एक-दूसरे को खरोंचने की क्षमता के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है। टैल्क (Talc) 1 पर सबसे नरम और हीरा 10 पर सबसे कठोर है।
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रासायनिक रूप से, हीरा किस तत्व का अपररूप (allotrope) है?
- (a) सिलिकॉन
- (b) कार्बन
- (c) जर्मेनियम
- (d) टिन
उत्तर: (b)
हल (Solution): हीरा, ग्रेफाइट और फुलरीन (Buckminsterfullerene) सभी कार्बन तत्व के अपररूप हैं। अपररूपता किसी तत्व के विभिन्न संरचनात्मक रूपों में मौजूद होने की घटना है। इन अपररूपों के भौतिक गुण भिन्न होते हैं, लेकिन रासायनिक गुण समान होते हैं।
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हीरे में कार्बन परमाणुओं के बीच किस प्रकार का बंध (bond) पाया जाता है?
- (a) आयनिक बंध
- (b) धात्विक बंध
- (c) सहसंयोजक बंध
- (d) हाइड्रोजन बंध
उत्तर: (c)
हल (Solution): हीरे में प्रत्येक कार्बन परमाणु अन्य चार कार्बन परमाणुओं के साथ sp3 संकरित कक्षक द्वारा सहसंयोजक बंध से जुड़ा होता है, जिससे एक मजबूत त्रिविमीय (3D) नेटवर्क संरचना बनती है। यही कारण है कि हीरा इतना कठोर होता है।
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निम्नलिखित में से कौन सा कार्बन का अपररूप नहीं है?
- (a) ग्रेफाइट
- (b) फुलरीन
- (c) कार्बन ब्लैक
- (d) सिलिकॉन कार्बाइड
उत्तर: (d)
हल (Solution): ग्रेफाइट, फुलरीन (जैसे C60 बकीबॉल), और हीरा कार्बन के क्रिस्टलीय अपररूप हैं, जबकि कार्बन ब्लैक (काजल) एक अक्रिस्टलीय अपररूप है। सिलिकॉन कार्बाइड (SiC) एक यौगिक है जो सिलिकॉन और कार्बन से बना होता है, न कि केवल कार्बन का एक अपररूप।
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हीरा विद्युत का कुचालक क्यों होता है?
- (a) इसमें मुक्त इलेक्ट्रॉन नहीं होते हैं।
- (b) इसमें आयन होते हैं।
- (c) इसकी संरचना बहुत कठोर होती है।
- (d) यह अधात्विक है।
उत्तर: (a)
हल (Solution): विद्युत चालकता के लिए मुक्त इलेक्ट्रॉनों या आयनों की आवश्यकता होती है। हीरे में, प्रत्येक कार्बन परमाणु अपने चारों संयोजी इलेक्ट्रॉनों (valence electrons) का उपयोग चार सहसंयोजक बंध बनाने में करता है, जिससे कोई भी मुक्त इलेक्ट्रॉन विद्युत चालन के लिए उपलब्ध नहीं होता है। यही कारण है कि हीरा एक उत्कृष्ट विद्युत कुचालक है।
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प्रकाश संश्लेषण की प्रक्रिया में हरे पौधे वायुमंडल से कौन सी गैस लेते हैं?
- (a) ऑक्सीजन
- (b) नाइट्रोजन
- (c) कार्बन डाइऑक्साइड
- (d) मीथेन
उत्तर: (c)
हल (Solution): प्रकाश संश्लेषण वह प्रक्रिया है जिसके द्वारा हरे पौधे सूर्य के प्रकाश की ऊर्जा का उपयोग करके जल और कार्बन डाइऑक्साइड (CO2) को ग्लूकोज (भोजन) और ऑक्सीजन में परिवर्तित करते हैं। कार्बन डाइऑक्साइड इस प्रक्रिया के लिए एक आवश्यक कच्चा माल है।
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मानव शरीर में सबसे कठोर ऊतक या पदार्थ कौन सा है?
- (a) हड्डी
- (b) उपास्थि (Cartilage)
- (c) दंतवल्क (Enamel)
- (d) मांसपेशी
उत्तर: (c)
हल (Solution): मानव शरीर में दंतवल्क (दांतों का इनेमल) सबसे कठोर पदार्थ है। यह मुख्य रूप से कैल्शियम फॉस्फेट, विशेष रूप से हाइड्रॉक्सिलैपेटाइट नामक खनिज से बना होता है। इसकी कठोरता इसे भोजन चबाने और दांतों को टूटने से बचाने में मदद करती है।
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निम्नलिखित में से कौन सा विटामिन मानव शरीर द्वारा संश्लेषित नहीं किया जा सकता है और इसे आहार से प्राप्त करना आवश्यक है?
- (a) विटामिन D
- (b) विटामिन K
- (c) विटामिन C
- (d) विटामिन B12
उत्तर: (c)
हल (Solution): विटामिन C (एस्कॉर्बिक एसिड) एक पानी में घुलनशील विटामिन है जिसे मानव शरीर स्वयं संश्लेषित नहीं कर सकता। इसे खट्टे फल और सब्जियों जैसे बाहरी स्रोतों से प्राप्त करना आवश्यक है। विटामिन D त्वचा में सूर्य के प्रकाश की उपस्थिति में संश्लेषित होता है, और विटामिन K तथा B12 का कुछ संश्लेषण आंत में बैक्टीरिया द्वारा होता है।
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पानी का अधिकतम घनत्व किस तापमान पर होता है?
- (a) 0°C
- (b) 4°C
- (c) 100°C
- (d) -4°C
उत्तर: (b)
हल (Solution): पानी का अधिकतम घनत्व 4°C पर होता है। यह पानी का एक अनूठा गुण है, जिसके कारण झीलें और तालाब ऊपर से जमने शुरू होते हैं, जबकि नीचे का पानी 4°C पर रहता है, जिससे जलीय जीवन ठंडे मौसम में भी जीवित रह पाता है।
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परमाणु रिएक्टरों में मंदक (moderator) के रूप में किसका उपयोग किया जाता है?
- (a) भारी जल (D2O)
- (b) ग्रेफाइट
- (c) कैडमियम की छड़ें
- (d) (a) और (b) दोनों
उत्तर: (d)
हल (Solution): परमाणु रिएक्टरों में मंदक का उपयोग तेज गति वाले न्यूट्रॉन को धीमा करने के लिए किया जाता है, जिससे वे विखंडन (fission) प्रतिक्रियाओं को बनाए रखने के लिए उपयुक्त गति तक पहुँच सकें। भारी जल (ड्यूटेरियम ऑक्साइड, D2O) और ग्रेफाइट दोनों का उपयोग सामान्यतः मंदक के रूप में किया जाता है। कैडमियम की छड़ें नियंत्रक (control) छड़ें होती हैं, जो न्यूट्रॉन को अवशोषित करके श्रृंखला अभिक्रिया को नियंत्रित करती हैं।
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निम्नलिखित में से कौन सा एक क्रिस्टलीय ठोस (crystalline solid) का उदाहरण है?
- (a) कांच
- (b) रबर
- (c) हीरा
- (d) प्लास्टिक
उत्तर: (c)
हल (Solution): क्रिस्टलीय ठोसों में घटक कणों (परमाणुओं, अणुओं या आयनों) की एक नियमित और दोहराई जाने वाली त्रिविमीय व्यवस्था होती है। हीरा एक उत्कृष्ट क्रिस्टलीय ठोस है। कांच, रबर और प्लास्टिक अक्रिस्टलीय (amorphous) ठोसों के उदाहरण हैं, जिनमें घटक कणों की कोई निश्चित व्यवस्था नहीं होती।
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माइटोकॉन्ड्रिया का मुख्य कार्य क्या है?
- (a) प्रोटीन संश्लेषण
- (b) प्रकाश संश्लेषण
- (c) ऊर्जा उत्पादन (कोशिकीय श्वसन)
- (d) अपशिष्ट निपटान
उत्तर: (c)
हल (Solution): माइटोकॉन्ड्रिया को कोशिका का “पावरहाउस” कहा जाता है क्योंकि यह कोशिकीय श्वसन की प्रक्रिया के माध्यम से भोजन (मुख्य रूप से ग्लूकोज) से ऊर्जा (ATP के रूप में) का उत्पादन करता है। यह कोशिका की अधिकांश ऊर्जा आवश्यकताओं को पूरा करता है।
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एक ध्वनि तरंग की आवृत्ति (frequency) को मापने की इकाई क्या है?
- (a) मीटर
- (b) सेकंड
- (c) हर्ट्ज़ (Hz)
- (d) डेसीबल (dB)
उत्तर: (c)
हल (Solution): आवृत्ति को हर्ट्ज़ (Hz) में मापा जाता है, जो प्रति सेकंड कंपन या चक्रों की संख्या को दर्शाता है। मीटर दूरी की इकाई है, सेकंड समय की इकाई है, और डेसीबल ध्वनि की तीव्रता को मापने की इकाई है।
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रक्त का कौन सा घटक ऑक्सीजन का परिवहन करता है?
- (a) श्वेत रक्त कोशिकाएँ (WBCs)
- (b) प्लेटलेट्स
- (c) प्लाज्मा
- (d) लाल रक्त कोशिकाएँ (RBCs)
उत्तर: (d)
हल (Solution): लाल रक्त कोशिकाएँ (एरिथ्रोसाइट्स) में हीमोग्लोबिन नामक एक लौह-युक्त प्रोटीन होता है, जो ऑक्सीजन के साथ जुड़ता है और इसे फेफड़ों से शरीर के अन्य ऊतकों तक पहुँचाता है।
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पेट्रोलियम रिफाइनिंग में कच्चे तेल से पेट्रोलियम के घटकों को अलग करने के लिए किस प्रक्रिया का उपयोग किया जाता है?
- (a) आसवन (Distillation)
- (b) क्रिस्टलीकरण (Crystallization)
- (c) निस्पंदन (Filtration)
- (d) ऊर्ध्वपातन (Sublimation)
उत्तर: (a)
हल (Solution): कच्चे तेल के विभिन्न घटकों (जैसे पेट्रोल, डीजल, केरोसिन) के क्वथनांक (boiling points) भिन्न-भिन्न होते हैं। प्रभाजी आसवन (Fractional Distillation) की प्रक्रिया का उपयोग करके इन घटकों को उनके क्वथनांक के आधार पर अलग किया जाता है।
- (a) समय
- (b) दूरी
- (c) प्रकाश की तीव्रता
- (d) ऊर्जा
उत्तर: (b)
हल (Solution): प्रकाश वर्ष वह दूरी है जो प्रकाश निर्वात में एक वर्ष में तय करता है। इसका उपयोग खगोल विज्ञान में ग्रहों, तारों और आकाशगंगाओं के बीच की विशाल दूरियों को मापने के लिए किया जाता है।
- (a) कार्बन डाइऑक्साइड (CO2)
- (b) नाइट्रस ऑक्साइड (N2O)
- (c) सल्फर डाइऑक्साइड (SO2)
- (d) नाइट्रोजन डाइऑक्साइड (NO2)
उत्तर: (b)
हल (Solution): नाइट्रस ऑक्साइड (N2O) को आमतौर पर ‘लाफिंग गैस’ के रूप में जाना जाता है क्योंकि इसके सूंघने से हिस्टीरिया और हंसी का एक अस्थायी, हल्के यूफोरिया का अनुभव होता है। यह एक रंगहीन, गैर-ज्वलनशील गैस है जिसका उपयोग चिकित्सा और दंत चिकित्सा में संवेदनाहारी और दर्द निवारक के रूप में भी किया जाता है।
- (a) 80/120 mmHg
- (b) 120/80 mmHg
- (c) 140/90 mmHg
- (d) 90/60 mmHg
उत्तर: (b)
हल (Solution): एक स्वस्थ वयस्क मानव का सामान्य रक्तचाप लगभग 120/80 mmHg होता है। 120 सिस्टोलिक दबाव (हृदय के संकुचन के दौरान) और 80 डायस्टोलिक दबाव (हृदय के आराम के दौरान) को दर्शाता है।
- (a) प्रोपेन
- (b) मीथेन
- (c) ब्यूटेन
- (d) इथेन
उत्तर: (b)
हल (Solution): बायोगैस मुख्य रूप से मीथेन (CH4) से बनी होती है, जो लगभग 50-75% होती है, साथ ही कार्बन डाइऑक्साइड और हाइड्रोजन सल्फाइड जैसी अन्य गैसें भी होती हैं। इसका उत्पादन एनारोबिक पाचन (anaerobic digestion) द्वारा जैविक पदार्थों से होता है।
- (a) 1-2 लीटर
- (b) 3-4 लीटर
- (c) 5-6 लीटर
- (d) 7-8 लीटर
उत्तर: (c)
हल (Solution): एक स्वस्थ वयस्क मानव के शरीर में उसके कुल शारीरिक भार का लगभग 7-8% रक्त होता है, जो औसतन 5 से 6 लीटर के बराबर होता है।
- (a) खसरा (Measles)
- (b) पोलियो
- (c) टी.बी. (क्षय रोग)
- (d) इन्फ्लूएंजा (फ्लू)
उत्तर: (c)
हल (Solution): टी.बी. (क्षय रोग) माइकोबैक्टीरियम ट्यूबरकुलोसिस (Mycobacterium tuberculosis) नामक जीवाणु के कारण होता है। खसरा, पोलियो और इन्फ्लूएंजा (फ्लू) तीनों वायरस के कारण होने वाली बीमारियाँ हैं।
- (a) तांबा और टिन
- (b) तांबा और जस्ता
- (c) तांबा और निकल
- (d) जस्ता और टिन
उत्तर: (b)
हल (Solution): पीतल एक मिश्र धातु है जो मुख्य रूप से तांबा (Copper) और जस्ता (Zinc) से बनी होती है। इसकी संरचना में भिन्नता के आधार पर अन्य तत्व भी थोड़ी मात्रा में मिलाए जा सकते हैं।
- (a) तांबा
- (b) लोहा
- (c) नाइक्रोम
- (d) टंगस्टन
उत्तर: (c)
हल (Solution): हीटर के तार नाइक्रोम (Nichrome) के बने होते हैं, जो निकल और क्रोमियम की एक मिश्र धातु है। नाइक्रोम में उच्च प्रतिरोधकता (high resistivity) और उच्च गलनांक (high melting point) होता है, जिससे यह गर्म होने पर बड़ी मात्रा में ऊष्मा उत्पन्न कर सकता है और पिघलता नहीं है।
- (a) एमीटर
- (b) ओडोमीटर
- (c) ऑडियोमीटर
- (d) बैरोमीटर
उत्तर: (c)
हल (Solution): ऑडियोमीटर का उपयोग ध्वनि की तीव्रता (श्रवण शक्ति) को मापने के लिए किया जाता है। एमीटर विद्युत प्रवाह को मापता है, ओडोमीटर वाहन द्वारा तय की गई दूरी को मापता है, और बैरोमीटर वायुमंडलीय दाब को मापता है।